पूर्व समाजवादी पार्टी (सपा) नेता शिवपाल यादव ने मंगलवार को बताया कि उनकी नई पार्टी का चुनाव आयोग में पंजीकरण हो गया है. लखनऊ में पत्रकारों से बात करते हुए शिवपाल यादव ने कहा कि उनकी पार्टी का नाम ‘प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया’ (पीएसपीएल) है. इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए शिवपाल यादव ने कहा, ‘हम तो हमेशा से परिवार और पार्टी में एकता चाहते थे. हमने लंबे समय तक इंतजार किया लेकिन ना तो मुझे और ना ही नेताजी (मुलायम सिंह यादव) को उचित सम्मान मिला. हमें धकेलकर निकाल दिया गया.’ इस दौरान उन्होंने अपने समर्थकों से कहा, ‘मैं आप सबसे कहता हूं कि चापलूसी ना करें. अगर कहीं कुछ गलत हो रहा है तो उसके बारे में बताने के लिए आप स्वतंत्र हैं. मैं अपनी पार्टी को ये आजादी दूंगा.’

इस दौरान शिवपाल यादव ने केंद्र और राज्य सरकार पर भी हमला बोलते हुए उनकी नीतियों को जनविरोधी करार दिया. उन्होंने कहा, ‘नोटबंदी और जीएसटी ने व्यापारियों और अर्थव्यवस्था की कमर तोड़ दी है.’ इस दौरान उन्होंने दावा किया कि उनकी नई नवेली पार्टी को काफी लोगों का सहयोग मिल रहा है. इस दौरान उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री शारदा प्रसाद शुक्ला ने कहा कि शिवपाल यादव की नई पार्टी राज्य की प्रमुख पार्टियों में से एक होगी. शुक्ला उत्तर प्रदेश में शिवपाल यादव के सबसे अहम सहयोगियों में से हैं.

अखिलेश यादव के सपा का अध्यक्ष बनने के बाद शिवपाल यादव पार्टी में हाशिए पर चले गए थे. इससे नाराज शिवपाल यादव ने अगस्त में समाजवादी सेक्युलर मोर्चे का गठन किया था. हालांकि, वे अभी भी जसवंतनगर विधानसभा सीट से सपा के विधायक हैं.