आम आदमी पार्टी (आप) को राहत देते हुए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कथित लाभ के पद को लेकर दिल्ली के उसके 27 विधायकों को विधानसभा की सदस्यता के अयोग्य करार देने की मांग करने वाली याचिका खारिज कर दी है. पीटीआई के मुताबिक राष्ट्रपति ने चुनाव आयोग द्वारा 10 जुलाई को दी गयी एक राय के आधार पर 15 अक्टूबर को इस आदेश पर हस्ताक्षर करते हुए याचिका खारिज कर दी थी.

यह मामला विधायकों को रोगी कल्याण समितियों का अध्यक्ष बनाए जाने से जुड़ा है. इस मामले के याचिकाकर्ता की दलील थी कि यह लाभ के पद का मामला है. यानी विधायक रहते हुए आप नेता रोगी कल्याण समिति के अध्यक्ष के तौर पर अलग से वित्तीय लाभ ले रहे हैं.

वहीं चुनाव आयोग ने राष्ट्रपति को दी गयी अपनी राय में कहा था, ‘यह पाया गया है कि दिल्ली विधानसभा सदस्य अधिनियम, 1997 की अनुसूची के 14वें विषय (अयोग्यता हटाना) के तहत, दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र सरकार के अस्पतालों में रोगी कल्याण समितियों के प्रमुखों के पद छूट वाली श्रेणी में आते हैं और इसलिए आयोग का मानना है कि प्रतिवादी (विधायक) लाभ का पद रखने के लिए अयोग्य करार नहीं दिए जा सकते.’