त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब किसी न किसी बहाने चर्चा में आते रहते हैं. बने रहते हैं. इस बार उन्हाेंने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार को एक पत्र लिखा है. इसमें इंडिगो और स्पाइस जेट एयरलाइनों के बीच चल रहे आपसी झगड़े की शिकायत की है. साथ ही इसमें जल्द से जल्द दख़ल देकर इसे निपटाने की अपील भी की है. सूत्रों के हवाले से द इकॉनॉमिक टाइम्स ने यह ख़बर दी है. अख़बार का दावा है कि इस पत्र में लिखी गई बातों को उसके प्रतिनिधि ने ख़ुद देखा है.

अख़बार के मुताबिक इंडिगो और स्पाइस जेट की आपसी लड़ाई की वज़ह से पूर्वोत्तर की तरफ आने-जाने वाली इन एयरलाइनाें की हवाई सेवाएं प्रभावित हुई हैं. स्पाइस जेट ने तो कोलकाता-अगरतला मार्ग पर हवाई सेवाएं बंद ही कर दी हैं. इसके बाद इस मार्ग पर इंडिगो का एकाधिकार हो गया है, जिसके चलते उसने हवाई किराए में 150 प्रतिशत तक वृद्धि कर दी है. इससे अगरतला-कोलकाता के बीच जो किराया पहले 2,000 रुपए था, वह अब 5,000 तक हो गया है.

देब ने नागरिक उड्‌डयन मंत्री सुरेश प्रभु को संबोधित पत्र में आशंका जताई है कि इंडिगो इस मार्ग पर अपनी उड़ानाें की संख्या जानबूझकर कम करके किराया और बढ़ा सकती है. वैसे सूत्रों की मानें तो इंडिगो के रवैये को लेकर दूसरी तमाम एयरलाइनों ने भी सरकार से अपनी चिंता जताई है. इन एयरलाइनों का आरोप है कि इंडिगो अपने समृद्ध हवाई बेड़े व मज़बूत आर्थिक स्थिति का नाजायज़ लाभ लेकर अन्य एयरलाइनों को संचालन बंद करने पर मज़बूर कर रही है.

वहीं इंडिगो ने इन तमाम आरोपों का खंडन किया है. उसके प्रबंधन की दलील है कि उनके हर कदम का एक ही मक़सद है. ये कि एयरलाइंस हर सूरत में उड्डयन क्षेत्र में प्रतिस्पर्धी बनी रहे. जहां तक अगरतला मार्ग की उड़ानाें का ताल्लुक़ है तो इंडिगो ने माना है कि उसने यहां एक उड़ान (दोनों तरफ से) बंद की है. हालांकि यह भी जोड़ा है कि वह एक दिसंबर से बेंगलुरू-गुवाहाटी उड़ान शुरू कर रही है. अगरतला मार्ग पर भी मांग बढ़ने पर उड़ानें बढ़ाने पर विचार करेगी.