छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के पहले चरण में सोमवार को दिन के 12.30 बजे तक 23 फ़ीसदी मतदान हो चुका है. समाचार एजेंसी पीटीआई ने चुनाव अधिकारी के हवाले से यह ख़बर दी है.

राज्य की 90 में से नक्सल प्रभावित क्षेत्रों की 18 विधानसभा सीटों के लिए पहले चरण में मतदान हो रहा है. इनमें 10 सीटों- माेहला-मानपुर, अंतागढ़, भानुप्रतापपुर, कांकेर, केशकाल, कोंडागांव, नारायणपुर, दंतेवाड़ा, बीजापुर और काेंटा में सुबह सात से शाम तीन बजे तक मतदान होना है. बाकी आठ सीटों- खैरागढ़, डोंगरगढ़, राजनांदगांव, डोंगरगांव, खुज्जी, बस्तर, जगदलपुर और चित्रकूट में सुबह आठ से शाम पांच बजे तक मतदान चलेगा. दूसरे चरण में 72 सीटों के लिए 20 नवंबर को मतदान होगा.

चुनाव अधिकारियों के मुताबिक, ‘सभी स्थानों पर मतदान शांतिपूर्वक चल रहा है. शुरूआत में इसकी रफ़्तार धीमी थी लेकिन अब गति पकड़ चुका है. तकनीकी दिक्क़ताें के कारण विभिन्न स्थानों पर 31 इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) और 51 वोटर वैरीफाएबिल पेपर ऑडिट ट्रेल (मतदाता पर्ची वाली मशीनें) बदली गई हैं. ’

सभी सीटाें पर सुरक्षा के लिए 1.25 लाख पुलिस-सुरक्षाकर्मी तैनात हैं. इस चरण में 190 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला हो रहा है. इनमें मुख्यमंत्री डॉक्टर रमन सिंह, राज्य के मंत्री- केदार कश्यप, महेश गगड़ा, भाजपा के कांकेर से सांसद विक्रम उसेंडी प्रमुख हैं.

नक्सल प्रभावित जिले सुकमा के पुलिस अधीक्षक अभिषेक मीणा ने बताया कि नक्सलियों ने इस बार भी चुनाव के बहिष्कार की अपील की है. लेकिन वह बेअसर दिख रही है. प्रमाण के ताैर ‘भेज्जी 2’ और गोरखा मतदान केंद्र पर 2013 में कोई वोट नहीं पड़ा था. इस बार यहां क्रमश: 11 और 20 लोग वोट डाल गए हैं. इसी तरह ‘भेज्जी 1’ में पिछली बार सिर्फ एक वोट डाला गया था पर इस बार 72 लोगों ने मतदान किया है.