महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई और उसके आसपास के इलाकों में सोमवार को रेल पटरियों पर हुए अलग-अलग हादसों में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई और पांच अन्य लोग घायल हो गए. राजकीय रेलवे पुलिस ने आज पीटीआई को यह जानकारी दी.

रेलवे के एक अधिकारी ने इन मौतों के अलग-अलग कारण बताए हैं. उनके मुताबिक रेल पटरी पार करते समय ट्रेन की चपेट में आने से, खचाखच भरी हुई लोकल ट्रेन से गिरने, ट्रेन और प्लेटफॉर्म के बीच के स्थान में गिरने और आत्महत्या करने के कारण ये मौतें हुई हैं.

खबर के मुताबिक रेलवे पुलिस ने कहा कि ठाणे जिले और कल्याण में रेलवे की पटरियों पर तीन-तीन लोगों की मौत हो गई. वहीं, दो लोगों की मौत मुंबई के वडाला क्षेत्र में हुई. पुलिस ने बताया कि कुर्ला, मुंबई सेंट्रल , बांद्रा और ठाणे के डोंबिवली में एक-एक व्यक्ति की जान गई.

उपनगरीय रेलवे को यूं तो मुंबई की लाइफलाइन कहा जाता है, लेकिन इस पर होने वाले हादसों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है. एक आरटीआई के जवाब में रेलवे पुलिस ने बताया था कि 2017 में रेलवे पटरियों पर हुए हादसे में कम से कम 3,014 यात्रियों की जान गई थी.