ऐसे पुरुष जो अपने साथी के गर्भकाल के दौरान धूम्रपान करते हैं, उनके बेटों में अन्य लोगों के बेटों की तुलना में शुक्राणु संख्या 50 फीसदी तक कम हो सकती है. पीटीआई के मुताबिक स्वीडन के लुंड विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं द्वारा किए गए एक अध्ययन में यह बात सामने आई है.

लुंड विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने मीडिया को इसकी जानकरी देते हुए बताया कि पिछले दिनों उन्होंने यह अध्ययन स्वीडन के 17 से 20 वर्ष आयुवर्ग के 104 लड़कों पर किया था. यह शोध गर्भवती महिला के निकोटिन के संपर्क में आने, सामाजिक आर्थिक कारक और भावी पिता की धूम्रपान की आदत से बच्चे पर पड़ने वाले असर को देखने के लिए किया गया था. शोधकर्ताओं के अनुसार शोध के दौरान उन्होंने पाया कि धूम्रपान करने वाले व्यक्ति के बच्चों में उन बच्चों की तुलना में शुक्राणु संख्या 51 फीसदी तक कम थी जिनके पिता धूम्रपान नहीं करते थे.

पीटीआई के मुताबिक लुंड विश्वविद्यालय के विशेषज्ञ जोनाथन एक्सेलसन ने बताया, ‘मुझे यह जानकर हैरत हुई कि मां के निकोटिन के संपर्क में आने को छोड़ भी दें तो जिन बच्चों के पिता धूम्रपान करते थे उनमें शुक्राणु की संख्या का स्तर बहुत कम था.’