भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की वरिष्ठ नेता और केन्द्रीय मंत्री उमा भारती ने मंगलवार को बताया कि वे अगले साल होने वाला लोकसभा चुनाव नहीं लड़ेंगी. मध्य प्रदेश के भोपाल में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि वे अगले डेढ़ साल तक राम मंदिर और गंगा की सफाई पर अपना ध्यान केंद्रित करेंगी. उमा भारती से पहले विदेश मंत्री सुषमा स्वराज भी 2019 का लोकसभा चुनाव नहीं लड़ने का ऐलान कर चुकी हैं. सुषमा स्वराज ने अपनी खराब सेहत के चलते यह फैसला किया था.

उत्तर प्रदेश की झांसी लोकसभा सीट से सांसद उमा भारती नब्बे के दशक से राम मंदिर आंदोलन में सक्रिय रही हैं. अयोध्या में विवादित ढांचा गिराये जाने के मामले में केंद्रीय जांच एजेंसी (सीबीआई) ने मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री रहीं उमा भारती पर भी साजिश रचने का आरोप लगाया था.

साल 2014 में जब केंद्र में नरेंद्र मोदी की सरकार बनी थी उस वक्त उमा भारती को गंगा की सफाई से जुड़े जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण मंत्रालय का जिम्मा सौंपा गया था. हालांकि, पिछले साल उनका पोर्टफोलियो बदलते हुए उन्हें केंद्रीय पेयजल एवं स्वच्छता मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई थी.