बॉम्बे हाई कोर्ट की पणजी खंडपीठ ने गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर के स्वास्थ्य से जुड़े एक मामले की सुनवाई को 11 दिसंबर तक के लिए स्थगित ​कर दिया है. एनडीटीवी के मुताबिक कोर्ट के पास मनोहर पर्रिकर के स्वास्थ्य संबंधी स्पष्ट जानकारी न होने की वजह से तीसरी बार कोर्ट की कार्यवाही स्थगित की गई है. इसके साथ ही कोर्ट ने गोवा के मुख्य सचिव धर्मेंद्र शर्मा को सात दिसंबर तक मुख्यमंत्री के स्वास्थ्य की स्थिति बयान करने वाला एक हलफनामा दाखिल करने के आदेश भी दिए हैं.

इससे पहले एक स्थानीय नेता ट्राजनो डिमेलो ने मनोहर पर्रिकर के स्वास्थ्य का हाल जानने के लिए हाई कोर्ट में एक याचिका लगाई थी. इस याचिका में उन्होंने विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक टीम के जरिये मुख्यमंत्री की जांच कराने के बाद एक रिपोर्ट जारी करने की मांग थी जिससे राज्य के लोगों को मनोहर​ पर्रिकर के स्वास्थ्य का ताजा हाल पता चल सके.

मनोहर पर्रिकर इस साल की शुरुआत से ही अस्वस्थ चल रहे हैं. बीमारी की वजह से उन्हें गोवा के अलावा मुंबई के लीलावती अस्पताल में भर्ती होना पड़ा था और इसके बाद उन्होंने अमेरिका जाकर भी अपना इलाज कराया था. उधर, बीते अक्टूबर में गोवा के स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत राणे ने पर्रिकर को अग्नाशाय का कैंसर होने की बात स्वीकार की थी. इस बीच मनोहर पर्रिकर की तबियत दोबारा खराब होने पर उन्हें दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में भी भर्ती होना पड़ा था.

बीते महीने एम्स से छुट्टी मिलने के बाद मनोहर पर्रिकर गोवा लौट गए थे और तब से उनकी कोई सार्वजनिक मौजूदगी देखने को नहीं मिली. हालांकि पार्टी नेताओं, मंत्रियों और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ उन्होंने कुछ अहम बैठकें अपने निजी निवास पर जरूर की थीं. मुख्यमंत्री के स्वास्थ्य और सार्वजनिक जगहों से उनकी गैर मौजूदगी को देखते हुए गोवा के कई सामाजिक संगठन और कांग्रेस सहित कुछ अन्य विपक्षी दल मनोहर पर्रिकर से इस्तीफे की मांग कर रहे हैं.