ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी ने अमेरिका द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों को आर्थिक आतंकवाद करार दिया है. खबरों के मुताबिक उन्होंने कहा, ‘हम पर जी-जान से हमला किया जा रहा है जो न सिर्फ हमारी आजादी और पहचान के लिए खतरा है बल्कि हमारे पुराने संबंधों को तोड़ने की कोशिश है.’

2015 में अमेरिका सहित छह विश्व शक्तियों ने ईरान के साथ एक परमाणु समझौता किया था. इसके तहत ईरान पर आर्थिक प्रतिबंध हटाए जाने थे और बदले में उसे अपने परमाणु ठिकानों को अंतरराष्ट्रीय निगरानी के लिए खोलना था. लेकिन अमेरिका इस समझौते से हट गया और उसने ईरान पर आर्थिक प्रतिबंध लगा दिए हैं जो बीती चार नवंबर से प्रभावी हो गए हैं. हसन रूहानी ने कहा कि प्रतिबंध सिर्फ ईरान पर नहीं लगाया गया है बल्कि इससे सभी प्रभावित हुए हैं. उनका यह भी कहना था कि अमेरिकी प्रतिबंधों के कारण ड्रग्स और आतंकवाद से लड़ने की उनकी कोशिश प्रभावित हुई है.