जम्मू-कश्मीर में राष्ट्रपति शासन लागू होने की खबर को आज के अधिकतर अखबारों ने पहले पन्ने पर जगह दी है. राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने बुधवार को इसकी मंज़ूरी दे दी है. साल 1996 के बाद यह पहला मौका होगा जब यहां राष्ट्रपति शासन लगाया जा रहा है. बताया जाता है कि इसके बाद राज्य के सभी अधिकार संसद के पास चले जाएंगे. साथ ही, वहां के राज्यपाल सत्यपाल मलिक भी खुद कोई निर्णय नहीं कर सकेंगे. कोई फैसला करने से पहले उन्हें केंद्र की अनुमति लेनी होगी.

उत्तर प्रदेश के विवेक तिवारी हत्याकांड में एसआईटी ने पुलिसकर्मी को दोषी पाया

उत्तर प्रदेश के लखनऊ में एपल कंपनी के एरिया मैनेजर विवेक तिवारी को पुलिसकर्मी प्रशांत चौधरी ने आत्म रक्षा में नहीं बल्कि जानबूझकर गोली मारी थी. नवभारत टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक इस मामले में विशेष जांच दल (एसआईटी) ने आरोप पत्र अदालत में दायर कर दिया है. इसके अलावा गोमतीनगर के तत्कालीन सीओ (सर्किल ऑफिसर) आईपीएस चक्रेश मिश्रा और गोमतीनगर थाना प्रभारी डीपी तिवारी को भी मामले में आरोपित बनाया गया है. इससे पहले आरोपित प्रशांत ने दावा किया था कि उसने आत्मरक्षा में विवेक तिवारी पर गोली चलाया.

लोक सभा चुनाव में सीट बंटवारे को लेकर लोजपा का भाजपा को अल्टीमेटम

भारतीय राजनीति में मौसम वैज्ञानिक कहे जाने वाले रामविलास पासवान की लोजपा (लोक जनशक्ति पार्टी) ने 31 दिसंबर तक भाजपा से बिहार में लोक सभा सीटों का बंटवारा करने को कहा है. अमर उजाला में प्रकाशित खबर के मुताबिक पार्टी ने अपनी ओर से एक राज्य सभा और छह या सात लोक सभा सीट का दावा किया है. पार्टी के बिहार अध्यक्ष पशुपति पारस ने कहा, ‘भाजपा और जेडीयू (जनता दल-यूनाइटेड) ने सीट बंटवारे पर बात की लेकिन हमसे पूछा तक नहीं. हम 2014 से ही एनडीए में हैं और चाहते हैं कि उसी की सरकार फिर बने. हमारी मांग है कि भाजपा नेतृत्व सही वक्त पर फैसला करें.’

गर्भवती महिलाओं को जीका प्रभावित राजस्थान और अन्य राज्यों में न जाने की सलाह

अमेरिका स्थित संस्था सेंटर फॉर डिजीज़ कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (सीडीसी) ने गर्भवती महिलाओं को जीका वायरस प्रभावित राजस्थान और अन्य दूसरों राज्यों में न जाने की सलाह दी है. राजस्थान पत्रिका की खबर के मुताबिक सीडीसी ने प्रभावित क्षेत्रों में यौन संबंध बनाने से बचने और अधिक सावधानी बरतने को भी कहा है. संस्था का कहना है कि भारत में जीका का खतरा अब भी बरकरार है. यह वायरस गर्भवती महिलाओं को अधिक नुकसान पहुंचाता है. इससे जन्म लेने वाले बच्चे को भी कई शारीरिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है. इस साल राजस्थान में जीका वायरस से 100 से अधिक लोग पीड़ित हो चुके हैं.