आगामी लोक सभा चुनाव से पहले केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) में पंजीकृत लाखों छोटे और मझोले कारोबारियों के लिए बीमा योजना ला सकती है. सूत्रों के मुताबिक इस योजना के तहत कारोबारियों को प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना (पीएमएसबीवाई) की तर्ज पर कम प्रीमियम में दुर्घटना बीमा उपलब्ध कराया जा सकता है.

समाचार एजेंसी भाषा के अनुसार नई योजना के तहत छोटे कारोबारियों को उनके कारोबार के आधार पर 10 लाख रुपए तक का दुर्घटना बीमा दिया जा सकता है. इसके अलावा सरकार अपने कारोबार को कंप्यूटरीकृत करने की इच्छा रखने वालों और व्यापार बढ़ाने वालों को कम ब्याज पर कर्ज़ देने की योजना पर भी विचार कर रही है. इन योजनाओं का ऐलान 26 जनवरी पर या एक फरवरी को पेश होने वाले अंतरिम बजट के आगे-पीछे हो सकता है. मोदी सरकार महिला उद्यमियों को प्रोत्साहित करने के लिए विशेष नीति लाने पर भी विचार कर रही है.

ग़ौरतलब है कि नवंबर-2016 में हुई नोटबंदी और उसके बाद जीएसटी लागू होने से सबसे ज़्यादा असर छोटे-मझोले कारोबारियों पर ही पड़ा है. पिछले साल के आख़िर में मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में भारतीय जनता पार्टी की हार के पीछे यह भी एक कारण रहा. इसी परिणाम ने मोदी सरकार की चिंता बढ़ाई है, जिसके बाद वह लगातार नाराज़ वर्गों को राहत देने के क़दम उठा रही है. इनमें सामान्य श्रेणी के लोगों को आर्थिक आधार पर 10 फ़ीसदी आरक्षण देने और छोटे कारोबारियों के लिए जीएसटी में छूट की सीमा बढ़ाकर सालाना 20 से 40 लाख रुपए करने जैसे कदम अहम हैं. किसानों के लिए कोई बड़ी घोषणा 26 जनवरी के आसपास होने की अटकलें लगाई जा रही हैं.