देश में जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) लागू होने के बाद 31 में से सिर्फ़ छह राज्य ऐसे हैं जिनकी आमदनी बढ़ी है. इनमें भी पांच- पूर्वोत्तर के (मिज़ोरम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, सिक्किम और नगालैंड) हैं. जबकि छठा है- आंध्र प्रदेश. लिहाज़ा बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी की अध्यक्षता वाली समिति अब यह विचार करेगी की अधिकांश राज्यों की आमदनी में कमी क्यों आई है.

समाचार एजेंसी भाषा के अनुसार सुशील मोदी की अध्यक्षता में यह समिति केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने बनाई है. केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली की अगुवाई में 22 दिसंबर, 2018 को हुई जीएसटी परिषद की बैठक में यह फ़ैसला किया गया था. अब यह सात सदस्यों वाली समिति इस मुद्दे की समीक्षा कर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी. राज्यों की आय बढ़ाने के बाबत अपनी सिफारिशें भी करेगी.

ग़ौरतलब है कि एक जुलाई, 2017 को जीएसटी लागू होने के बाद पंजाब, हिमाचल प्रदेश, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर, ओडिशा, गोवा, बिहार, गुजरात और दिल्ली की आय में ख़ास तौर पर काफ़ी कमी आई है. अभी बीते अप्रैल-नवंबर की अवधि में ही इन राज्यों की आय में 14 से 37 प्रतिशत तक की कमी देखी गई है. केंद्रशासित प्रदेशों में पुड्‌डुचेरी की आय में तो 43 प्रतिशत तक की कमी आई है. इसके चलते केंद्र ने राज्यों के लिए उनके राजस्व के नुकसान के मुआवज़े के रूप में 2018 में 48,202 करोड़ रुपए जारी किए हैं.