‘सरकार ने अगर लोकपाल की नियुक्ति की होती तो रफाल घोटाला न हुआ होता.’   

— अन्ना हजारे, सामाजिक कार्यकर्ता

अन्ना हजारे ने यह बात एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कही. उन्होंने यह भी कहा, ‘मुझे रफाल विमान सौदे से जुड़े कई कागजात मिले हैं. इनका अवलोकन करके दो दिन बाद मैं फिर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करूंगा.’ इसके साथ उन्होंने भी इस सौदे में रिलायंस डिफेंस को साझेदार बनाए जाने पर सवाल उठाए हैं. अन्ना हजारे ने आगे कहा देश में भ्रष्टाचार निरोधक कानून लागू करने में देर हो रही है. इसलिए वे इसी महीने की 30 तारीख से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करेंगे.

‘विपक्षी महागठबंधन खोखले लोगों का जमावड़ा है, जिनकी कोई विचारधारा नहीं है.’    

— योगेंद्र यादव, स्वराज इंडिया पार्टी के अध्यक्ष

योगेंद्र यादव का यह बयान विपक्षी दलों के महागठबंधन पर सवाल उठाते हुए आया है. उन्होंने कहा कि विपक्षी नेता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अलोकतांत्रिक कहते हैं. लेकिन ममता बनर्जी ने भी तो पश्चिम बंगाल में शांतिपूर्ण तरीके से पंचायत चुनाव नहीं होने दिए थे. उन्होंने आगे कहा कि महागठबंधन में शामिल शरद पवार, अखिलेश यादव, मायावती जैसे नेताओं के मुंह से देश को भ्रष्टाचार से मुक्त कराने के दावे अपने आप में सबसे बड़ा मज़ाक लगते हैं. योगेंद्र यादव के मुताबिक, ‘राष्ट्रीय राजनीति खतरे में है. उसे विपक्ष की नहीं बल्कि वैकल्पिक सरकार की ज्यादा जरूरत है.’


‘ममता बनर्जी में देश की अगुवाई करने की पूरी काबिलियत है.’  

— एचडी कुमारस्वामी, कर्नाटक के मुख्यमंत्री

एचडी कुमारस्वामी ने यह बात न्यूज एजेंसी पीटीआई के साथ बातचीत में कही. उन्होंने कहा, ‘ममता जी में देश संभालने की पूरी क्षमता है, इतने सालों तक पश्चिम बंगाल की सत्ता संभालकर उन्होंने यह बात साबित भी की है.’ एचडी कुमारस्वामी ने आगे कहा, ‘विपक्षी दलों की प्राथमिकता फिलहाल लोकसभा चुनाव में जीत हासिल करना है. मेरे ख्याल से चुनाव में जीत हासिल करने के लिए जरूरी नहीं है कि चुनाव के पहले ही नेता चुना जाए.’


‘आने वाले समय में आप देखेंगे कि प्रधानमंत्री पद के लिए हमारे पास कितने चेहरे हैं.’  

— अखिलेश यादव, समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष

अखिलेश यादव ने यह बात एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कही. उन्होंने कहा कि देश को नया प्रधानमंत्री मिले इसके लिए बीते शनिवार, कोलकाता में 20-22 दल एक साथ एक मंच पर दिखाई दिए थे. इससे साफ है कि विपक्षी गठबंधन के पास चेहरों की कोई कमी नहीं. इसके साथ ही भाजपा पर निशाना साधते हुए उन्होंने सवालिया लहजे में कहा कि सत्ताधारी दल ने 40 पार्टियों से गठबंधन किया है. उसे भी तो प्रधानमंत्री पद के लिए कोई दूसरा चेहरा बताना चाहिए.


‘2014 के आम चुनाव में ईवीएम हैक करके नतीजों में धांधली की गई थी.’  

— सैयद शुजा, कथित साइबर विशेषज्ञ

सैयद शुजा ने यह बात अमेरिका में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कही. उनके मुताबिक उन्होंने 2009 से 2014 के बीच इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया में काम किया था. तब अप्रैल 2014 में उन्हें पता चला था कि ईवीएम मशीनों द्वारा कुछ सिग्नल प्रसारित हो रहे थे. इनके जरिए भाजपा ने वोटिंग मशीनों को हैक किया था. इसके साथ सैयद शुजा ने दावा किया कि ईवीएम की हैकिंग के बारे में भाजपा के पूर्व नेता नेता गोपीनाथ मुंडे को भी जानकारी थी. इसीलिए 2014 में ही उनकी हत्या करा दी गई थी.