अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार (अमेरिकी समयानुसार) को फिर देश में आपातकाल लगाने की चेतावनी दी. राष्ट्रपति भवन- व्हाइट हाउस में एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा, ‘डेमोक्रेट्स (डेमाक्रेटिक पार्टी के सदस्य) भयानक बाधाएं खड़ी कर रहे हैं. उनके साथ हम कुछ भी हासिल नहीं कर रहे हैं. ऐसे में मुझे लगता है कि आपातकाल लगाना ही पड़ेगा. इसकी संभावनाएं काफी हैं.’

ट्रंप की प्रतिक्रिया अमेरिकी संसद के निचले सदन (हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्ज़) की अध्यक्ष नैसी पेलाेसी के बयान के बाद आई है. डेमोक्रेटिक पार्टी की सांसद पेलोसी ने एक दिन पहले ही मीडिया से कहा था, ‘इस साल सीमा सुरक्षा के लिए जिस रकम का इंतज़ाम किया जा रहा है उसमें दीवार बनाने के लिए धन का कोई प्रावधान नहीं है. हालांकि सीमा सुरक्षा इंतज़ामों को और बेहतर कैसे किया जाए, इस पर बातचीत के लिए हम तैयार हैं. दोनों सदनों के 17 सदस्य इस मसले पर बातचीत कर कोई रास्ता निकालने की कोशिश कर रहे हैं.’

अमेरिकी संविधान के मुताबिक देश के लिए तमाम तरह के ख़र्चों का बंदोबस्त करने का ज़िम्मा संसद के पास है. यही वज़ह है कि राष्ट्रपति ट्रंप और संसद के बीच काफ़ी समय से टकराव की स्थिति बनी हुई है. ट्रंप अपने चुनावी वादे के मुताबिक मैक्सिको की सीमा पर दीवार बनाना चाहते हैं. ताकि अमेरिकी में अवैध रूप से घुसने वाले शरणार्थियों की समस्या पर लगाम लगाई जा सके. इसके लिए वे संसद से पैसे मांग रहे हैं. लेकिन विपक्षी डेमोक्रेटिक पार्टी के बहुमत वाले निचले सदन से अब तक इसके लिए मंज़ूरी नहीं मिल सकी है.