कालेधन को वैध करने की कोशिश से जुड़े एक मामले में कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा के पति रॉबर्ट वाड्रा को दिल्ली की एक अदालत से राहत मिली है. अदालत ने इस मामले में उनकी ग़िरफ़्तारी पर छह फरवरी तक के लिए रोक लगा दी है.

टाइम्स नाऊ के मुताबिक रॉबर्ट वाड्रा और उनके सहयोगियों के ख़िलाफ़ प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मामला दर्ज़ कर जांच शुरू की है. उन पर आरोप है कि वे काले धन को वैध करने की कोशिशों में शामिल रहे हैं. यह मामला लंदन में एक संपत्ति (12-ब्रेयन्सटन स्क्वायर) की ख़रीद-फ़रोख़्त से जुड़ा हुआ है. इस मामले की जांच के दौरान ईडी ने पिछले दिनों रॉबर्ट वाड्रा, उनके सहयोगी संजय भंडारी आदि के ठिकानाें पर छापे भी मारे थे. इस दौरान अहम ईमेल संदेश और दस्तावेज़ ज़ब्त किए गए थे.

हालांकि रॉबर्ट वाड्रा इस मामले को राजनीतिक से प्रेरित बता रहे हैं. इसी आधार पर उन्होंने शुक्रवार को अदालत में अग्रिम ज़मानत याचिका दायर की थी. उनके वकील केटीएस तुलसी ने अदालत में भी इसी तरह की दलील दी. साथ ही मांग की कि उनके मुवक्किल को छह फरवरी तक ग़िरफ़्तारी से राहत दी जाए. इसके बाद वे ईडी की जांच में शामिल हो जाएंगे. अदालत ने उनकी इस दलील को स्वीकार कर लिया और उन्हें अग्रिम ज़मानत के बजाय तब तक अस्थायी राहत देने का फ़ैसला सुनाया.