अमेरिकी सीनेट ने सीरिया व अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों को वापस बुलाने के मुद्दे पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को झटका दिया है. उसने इस संबंध में डोनाल्ड ट्रंप के उठाए कदम के खिलाफ लाए गए प्रस्ताव को भारी बहुमत से पारित कर दिया है. कहा जा रहा है कि प्रस्ताव के पक्ष में ट्रंप की अपनी रिपब्लिकन पार्टी के सांसदों ने भी मतदान किया. इससे पार्टी के भीतर के मतभेद स्पष्ट रूप से सामने आ गए हैं.

पीटीआई के मुताबिक सीनेट में रिपब्लिकन नेता मिच मैककॉनेल ने प्रस्ताव को सदन के पटल पर रखा. इसके पक्ष में 70 मत पड़े, जबकि विरोध में 26 मत पड़े. सदन के 53 रिपब्लिकन सीनेटरों में से केवल तीन ने ही इसका विरोध किया. इस कारण प्रस्ताव भारी बहुमत से पारित हो गया.

इस प्रस्ताव के मुताबिक दोनों देशों (सीरिया व अफगानिस्तान) में से किसी भी देश से सेना को वापस बुलाने पर अमेरिका बड़ी मुश्किल से हाथ आई सफलता गवां सकता है और उसकी राष्ट्रीय सुरक्षा भी खतरे में पड़ सकती है. अब सीनेट द्वारा पारित किए जाने के बाद अंतत: इस संशोधन को दक्षिण-पश्चिम एशिया को लेकर एक व्यापक सुरक्षा कानून में समाविष्ट कर दिया जाएगा.

इससे पहले बीते दिसंबर में ट्रंप ने ट्वीट कर अमेरिका के 2,000 सैनिकों को सीरिया से वापस बुलाने की योजना के बारे में बताया था. इसकी वजह बताते हुए उन्होंने कहा था कि इस्लामिक स्टेट समूह पर जीत हासिल कर ली गई है. लेकिन डेमोक्रेट्स के साथ कई प्रमुख रिपब्लिकन सीनेटर भी ट्रंप के इस कदम की आलोचना करते रहे. वहीं, पिछले हफ्ते अमेरिकी खुफिया प्रमुखों ने सूचना दी थी कि जिहादी समूह अभी भी एक गंभीर खतरा बने हुए हैं और अपने पांव पसारने की फिराक में हैं.