राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के अध्यक्ष लालू प्रसाद ने सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर लोगों के लिए हाल में लागू दस प्रतिशत आरक्षण की कड़ी निंदा की है. एक ट्वीट में उन्होंने लिखा कि यह आरक्षण एससी, एसटी और ओबीसी के संवैधानिक अधिकारों पर बहुत घातक हमला है. लालू प्रसाद यादव का कहना था, ‘यह जाति आधारित आरक्षण को खत्म करने की दिशा में पहला कदम है. 50 प्रतिशत आरक्षण की सीमा तोड़ी गई है तो सरकार एससी, एसटी और ओबीसी को उनकी जनसंख्या के अनुपात में आरक्षण क्यों नहीं बढ़ा रही है.’

चारा घोटाले से जुड़े एक मामले में एक साल से अधिक समय से जेल में बंद राजद प्रमुख का आधिकारिक ट्विटर हैंडल उनके करीबी संचालित करते हैं. लालू प्रसाद यादव ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर आरक्षण खत्म करने की भाजपा की साजिश में शामिल होने का आरोप भी लगाया. उन्होंने ये कड़ी टिप्पणियां ऐसे दिन की हैं जब उनके छोटे बेटे और राजनीतिक उत्तराधिकारी तेजस्वी यादव उत्तरी बिहार के दरभंगा से ‘बेरोजगारी हटाओ, आरक्षण बढ़ाओ यात्रा’ शुरू कर रहे हैं.