कांग्रेस महासचिव बनने के बाद प्रियंका गांधी के पहले रोडशो की खबर आज सभी अखबारों के पहले पन्ने पर है. 15 किलोमीटर लंबे इस रोड शो में पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश प्रभारी ज्योतिरादित्य सिंधिया भी उनके साथ थे. हालांकि इस दौरान प्रियंका गांधी ने कोई भाषण नहीं दिया. राहुल गांधी ने जरूर रफाल और रोजगार जैसे मुद्दों पर केंद्र सरकार को घेरा. इसके अलावा एक संसदीय समिति द्वारा ट्विटर के सीईओ जैक डॉर्सी को तलब किए जाने की खबर को भी कई अखबारों ने प्रमुखता से जगह दी है. समिति ने उन्हें 25 फरवरी को पेश होने को कहा है. यह कदम उस शिकायत के सिलसिले में उठाया गया है जिसमें ट्विटर पर भाजपा या मोदी सरकार से सहानुभूति रखने वाले हैंडल्स के साथ भेदभाव करने का आरोप लगाया गया है. हालांकि कंपनी एक बयान जारी कर पहले ही इस आरोप को खारिज कर चुकी है.

नागरिकता (संशोधन) विधेयक आज राज्यसभा में

आज नागरिकता (संशोधन) विधेयक राज्यसभा में रखा जाएगा. द ट्रिब्यून के मुताबिक बजट सत्र खत्म होने से पहले इसे पास कराने का यह सरकार के पास आखिरी मौका है. इस विधेयक को लोकसभा ने शीतकालीन सत्र के दौरान आठ जनवरी को पारित कर दिया था. विपक्ष सहित एनडीए की कई सहयोगी पार्टियां भी इसका विरोध कर रही हैं. पूर्वोत्तर के राज्यों में इसके खिलाफ प्रदर्शन हो रहे हैं. इस विधेयक के कानून बनने के बाद अफगानिस्तान, बांग्लादेश और पाकिस्तान के अल्पसंख्यक समुदायों को 12 साल के बजाय महज छह साल भारत में गुजारने और बिना उचित दस्तावेजों के भी भारतीय नागरिकता मिल सकेगी.

अल्पसंख्यक की परिभाषा जल्द तय हो : सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने अल्पसंख्यक आयोग को निर्देश दिया है कि वह तीन महीने के अंदर अल्पसंख्यक की परिभाषा तय करे. हिंदुस्तान टाइम्स के मुताबिक शीर्ष अदालत का यह निर्देश भाजपा नेता अश्विनी कुमार उपाध्याय की एक जनहित याचिका पर आया है. याचिका में कहा गया है कि देश में बहुसंख्यक हिंदू समुदाय पूर्वोत्तर के कई राज्यों और जम्मू-कश्मीर में अल्पसंख्यक है. इसलिए वह उन लाभों से वंचित है जो कि इन राज्यों में अल्पसंख्यक समुदायों के लिए मौजूद हैं. याचिका के मुताबिक इसलिए अल्पसंख्यक आयोग को अल्पसंख्यक शब्द की परिभाषा पर फिर विचार करना चाहिए.

एम नागेश्वर राव ने सुप्रीम कोर्ट से माफी मांगी

सीबीआई के अंतरिम निदेशक रहे एम नागेश्वर राव ने सुप्रीम कोर्ट से माफी मांगी है. द स्टेट्समैन के मुताबिक यह माफी उन्होंने मुजफ्फरपुर यौन शोषण मामले के जांच अधिकारी एके शर्मा का तबादला किए जाने के मामले में मांगी है. शर्मा का बीते महीने सीआरपीएफ में तबादला कर दिया गया था. इसके बाद अदालत ने भारी नाराजगी जताई थी. सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि उसने बिना उससे पूछे इस मामले के किसी अधिकारी का तबादला न करने के निर्देश दिए थे और यह सीधे-सीधे अदालत की अवमानना है. इसके बाद एम नागेश्वर राव ने कहा कि उनसे गलती हो गई और वे इसके लिए माफी चाहते हैं. मुजफ्फरपुर में बीते साल एक बालिका संरक्षण गृह में 40 से भी ज्यादा बच्चियों के यौन शोषण का मामला सामने आया था.

टीम में न चुने जाने पर खिलाड़ी का चयनकर्ता पर हमला

दिल्ली में एक खिलाड़ी ने टीम में न चुने जाने पर चयनकर्ता पर ही हमला बोल दिया. द टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक यह घटना दिल्ली की अंडर 23 टीम के चयन के लिए हो रहे ट्रायल के दौरान हुई. चयनकर्ताओं की समिति के अध्यक्ष अमित भंडारी एक प्रैक्टिस मैच देख रहे थे. तभी अनुज डेढ़ा और उसके साथियों ने लाठी-डंडों से उन पर हमला कर दिया. इसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया जहां उनके सिर में कई टांके आए हैं. अनुज और उसके भाई नरेश को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. उधर, गौतम गंभीर और वीरेंद्र सहवाग जैसे खिलाड़ियों ने इस घटना पर चिंता जताई है. उनका कहना है कि इस खिलाड़ी पर जिंदगी भर के लिए प्रतिबंध लग जाना चाहिए.

आम्रपाली की दो संपत्तियों की नीलामी के लिए कोई खरीददार नहीं मिला, सुप्रीम कोर्ट को गुटबंदी का संदेह

कर्ज से जूझ रहे आ्म्रपाली ग्रुप की दो संपत्तियों की नीलामी के लिए कोई खरीददार न मिलने पर सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को कड़ी टिप्पणी की. दैनिक जागरण के मुताबिक उसने इस मामले में गुटबंदी का संदेह जताया. अदालत ने यह भी पता लगाने को कहा कि क्या बैंक भी इस गुटबंदी में शामिल हैं. यह मामला आम्रपाली ग्रुप की परियोजनाओं में घर खरीदने वाले हजारों लोगों की परेशानी से जुड़ा है जिन्हें लंबे इंतजार के बाद भी अपना घर नहीं मिल पाया है. हाल में सुप्रीम कोर्ट ने इस ग्रुप के कर्ता-धर्ताओं की सभी संपत्तियों की नीलामी कर पैसे जुटाने के निर्देश दिए थे.