मंगलवार की शाम भारतीय वायुसेना का मिग-27 लड़ाकू विमान दुर्घटना का शिकार हो गया. इस हादसे में पायलट को सुरक्षित बताया गया है. एनडीटीवी के मुताबिक यह दुर्घटना राजस्थान में जैसलमेर की पोखरण रेंज में शाम करीब 6.10 बजे हुई. तब उस विमान ने प्रशिक्षण उद्देश्यों के लिए उड़ान भरी थी. दुर्घटना के कारणों को पता लगाने के लिए आदेश दे दिए गए हैं.

मिग-27 विमानों को भारत ने 1980 के दशक में सोवियत संघ (अब रूस) से हासिल किया था. इन लड़ाकू विमानों को पर्वतीय क्षेत्रों में घातक हमले अंजाम देने के लिए जाना जाता है. साल 1999 में कारगिल युद्ध के दौरान मिग-27 विमानों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी.

इधर, फरवरी के महीने में यह दूसरा मौका है जब दुर्घटना की वजह से वायुसेना को अपना एक और विमान खोना पड़ा है. इससे पहले एक फरवरी को कर्नाटक के बेंगलुरु में वायुसेना का मिराज-2000 लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था. उस हादसे में विमान में सवार दोनों पायलट शहीद हो गए थे. तब यह खबर भी आई थी कि दुर्घटना के दौरान दोनों पायलट उस विमान से निकल सकते थे. लेकिन किन वजहों से वे विमान से नहीं निकल सके, इसकी जांच की जा रही है.