‘दिल्ली में आम आदमी पार्टी के साथ चुनावी गठबंधन से राहुल गांधी ने लगभग इनकार कर दिया है.’  

— अरविंद केजरीवाल, आम आदमी पार्टी के संयोजक

अरविंद केजरीवाल ने यह बात पत्रकारों के साथ बातचीत करते हुए कही. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘हम क्षेत्रीय विपक्षी दल देश की मौजूदा परिस्थितियों को लेकर बेहद चिंतित हैं. इसलिए हम गठबंधन चाहते हैं.’ अरविंद केजरीवाल के मुताबिक, ‘अगर दिल्ली में आम आदमी पार्टी (आप) और कांग्रेस दोनों अपने प्रत्याशी उतारेंगे तो इसका फायदा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार को होगा.’

‘रफाल पर बेकार रिपोर्ट देकर कैग ने अपना मजाक बनवाया है, भविष्य में एक अच्छी सरकार इसकी प्रतिष्ठा और विश्वसनीयता बहाल करेगी.’

— पी चिदंबरम, पूर्व वित्त मंत्री

पी चिदंबरम का यह बयान रफाल विमान सौदे पर नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट पर आया है. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘इस रिपोर्ट में क्या लिखा गया है यह अहम नहीं बल्कि यह ज्यादा महत्वपूर्ण है कि इसमें क्या नहीं लिखा गया है.’ पी चिदंबरम के मुताबिक कैग कोई ‘भगवान’ नहीं जिसके शब्दों को अंतिम मान लिया जाए. इसके साथ उन्होंने संयुक्त संसदीय दल (जेपीसी) से इस सौदे की जांच कराए जाने की मांग भी की है.


‘जवानों की शहादत बेकार नहीं जाएगी.’  

— नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री

नरेंद्र मोदी का यह बयान जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में हुए आत्मघाती आतंकी हमले को लेकर आया है. इसके साथ ही एक ट्वीट में इस हमले की निंदा करते हुए उन्होंने इसे ‘घृणित’ भी बताया. प्रधानमंत्री ने आगे कहा, ‘पूरा देश बहादुर शहीदों के परिवारों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है.’


‘परिवार के सदस्यों को खोने का दर्द मैं अच्छी तरह समझती हूं.’  

— प्रियंका गांधी, कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव

प्रियंका गांधी का यह बयान पुलवामा के आतंकी हमले पर आया है. इसके साथ ही शहीदों के परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए उन्होंने यह भी कहा, ‘ऐसे कठिन मौकों पर सांत्वना के शब्द पर्याप्त नहीं होते. लेकिन मैं कहना चाहूंगी कि शहीदों के परिवारों के साथ न केवल कांग्रेस बल्कि पूरा देश खड़ा है.’ इसके साथ ही प्रियंका गांधी ने सरकार से ऐसे हमलों को रोकने के उपाय करने की मांग भी की.


‘नरेंद्र मोदी भारतीय बैंकों से क्यों नहीं कहते कि वे मेरी पेशकश स्वीकार कर लें.’  

— विजय माल्या, शराब कारोबारी

विजय माल्या का यह बयान भारतीय बैंकों के कर्ज की रकम को लौटाने की पेशकश करते हुए आया है. इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ‘प्रखर वक्ता’ बताते हुए विजय माल्या ने एक ट्वीट में लिखा है, ‘मैंने कर्नाटक हाईकोर्ट के जरिये बैंकों को उनका पैसा लौटाने का प्रस्ताव दिया था. लेकिन उसे स्वीकार नहीं किया गया.’ इससे पहले बुधवार को लोकसभा में अपने संबोधन के दौरान मोदी ने विजय माल्या को स्वदेश लाने का जिक्र किया था.