कर्नाटक की हासन सीट पर इस बार पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा के परिवार को बग़ावत का सामना करना पड़ सकता है. ख़बरों के मुताबिक राज्य के पूर्व मंत्री और वरिष्ठ कांग्रेसी नेता ए मंजू ने ख़ुद इस तरह के संकेत दिए हैं. हासन से इस वक़्त देवेगौड़ा ही सांसद हैं.

ए मंजू के मुताबिक, ‘अगर हासन लोक सभा सीट से पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा ख़ुद चुनाव लड़ते हैं तो मैं उनका समर्थन करूंगा. लेकिन अगर उन्होंने अपने पौत्र- प्रज्जवल रेवन्ना को प्रत्याशी बनाया तो मैं उनके ख़िलाफ़ चुनाव लड़ूंगा.’ उन्होंने कहा कि देवेगौड़ा को ‘प्रज्जवल का नाम इस सीट से प्रस्तावित नहीं करना चाहिए. बल्कि मुझे आशीर्वाद देना चाहिए.’ उनके बारे में कहा जा रहा है कि वे भारतीय जनता पार्टी के टिकट पर हासन से चुनाव में उतर सकते हैं.

इस बाबत जब मंजू से पूछा गया तो उन्होंने कहा, ‘भाजपा में मेरी उम्मीदवारी को लेकर कोई विरोध नहीं है. मैं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बीएस येद्दियुरप्पा से बात कर चुका हूं. उन्होंने मेरी उम्मीदवारी का समर्थन किया है.’ वैसे भाजपा से मंजू का नाता कोई नया नहीं है. वे पहली बार भाजपा के टिकट पर ही 1999 में विधानसभा का चुनाव जीतकर विधायक बने थे. इसके बाद वे 2008 से 2018 तक दो बार कांग्रेस के टिकट पर जीते और राज्य की सिद्धारमैया सरकार में मंत्री बने. अब मंजू फिर पार्टी बदलने को तैयार हैं और कांग्रेस उन्हें रोकने में ख़ुद को सक्षम नहीं पा रही है क्योंकि उन्होंने देवेगौड़ा परिवार के ख़िलाफ़ बग़ावत का झंडा बुलंद किया है.

यहां यह भी बताते चलें कि हासन को एचडी देवेगौड़ा और उनके परिवार की परंपरागत लोक सभा सीट माना जाता है. यहां से प्रज्जवल काफ़ी समय से अपनी उम्मीदवारी की तैयारी कर रहे हैं. वे देवेगौड़ा के बड़े पुत्र और राज्य के मंत्री एचडी रेवन्ना के बेटे हैं. उनके अलावा देवेगौड़ा के छोटे पुत्र और प्रदेश के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी के बेटे निखिल के बारे में भी कहा जा रहा है कि वे मांड्या सीट से अपनी पार्टी के प्रत्याशी हो सकते हैं. ऐसी ही ख़बरें देवेगौड़ा परिवार के प्रति पनप रहे असंतोष का कारण बन रही हैं.