विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान पर सवाल उठाया है. उन्होंने कहा, ‘अगर इमरान खान बहुत नरम दिल हैं. उदार राजनेता हैं, तो वे मसूद अज़हर को हमारे हवाले कर दें. देख लेते हैं हम उनकी उदारता.’

दिल्ली में बुधवार देर शाम एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सुषमा स्वराज ने कहा, ‘आतंकवाद और बातचीत एक साथ नहीं चल सकते. हम आतंकवाद पर बातचीत नहीं चाहते. हम इस पर कार्रवाई चाहते हैं.’ उन्होंने पाकिस्तान के बालाकोट स्थित आतंकी शिविरों पर भारतीय वायु सेना की बमबारी के ज़वाब में पाकिस्तान की कार्रवाई पर भी सवाल उठाया. उन्होंने कहा, ‘हमने बालाकोट में (26 फरवरी को तड़के) जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) के आतंकी शिविरों पर बम गिराए. इसमें न पाकिस्तान का कोई आम आदमी मारा गया और न कोई फौजी.’

सुषमा स्वराज का कहना था, ‘इसके बावज़ूद पाकिस्तानी वायु सेना ने 27 फरवरी को हमारे ख़िलाफ़ ज़वाबी कार्रवाई करने की कोशिश की. किसलिए? किसकी तरफ़ से? जेईएम की तरफ से? आप (पाकिस्तान) न सिर्फ़ जेईएम को अपनी ज़मीन पर पाल रहे हैं बल्कि उसकी वित्तीय मदद भी कर रहे हैं. और जब जेईएम से पीड़ित देश इस संगठन पर ज़वाबी कार्रवाई करता है तो आप उसकी तरफ से उस देश पर हमला करते हैं?’ उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के साथ भारत के रिश्ते तभी बेहतर हो सकते हैं जब वह आतंकी संगठनों पर कार्रवाई करे.