पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने सिंध प्रांत में दो हिंदू किशोरियों के अपहरण, जबरन धर्म परिवर्तन एवं कम उम्र में विवाह कराए जाने की खबरों की जांच के आदेश दिए हैं. सूचना मंत्री फवाद चौधरी ने रविवार को यह जानकारी दी.

सूचना मंत्री चौधरी ने रविवार को उर्दू में ट्विटर पर एक पोस्ट में कहा कि प्रधानमंत्री ने सिंध के मुख्यमंत्री से उन खबरों की जांच के लिए कहा है, जिनमें उक्त लड़कियों को पंजाब के रहीम यार खान ले जाने की बात कही गई है. चौधरी ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री ने सिंध एवं पंजाब सरकारों को घटना के संबंध में एक संयुक्त कार्य योजना बनाने और ऐसी घटनाओं को दोबारा होने से रोकने के लिए मजबूत कदम उठाने को कहा है. उन्होंने कहा, ‘पाकिस्तान के अल्पसंख्यक हमारे झंडे का सफेद रंग हैं और हमारे झंडे के सारे रंग हमारे लिए कीमती हैं. हमारे झंडे का संरक्षण हमारा कर्तव्य है.’

खबरों के मुताबिक, 13 वर्षीय रवीना एवं 15 वर्षीय रीना को होली की पूर्व संध्या पर सिंध के घोटकी जिले में उनके घर से कुछ दबंग पुरुषों ने कथित तौर पर अगवा कर लिया था. अपहरण के कुछ समय बाद ही एक वीडियो वायरल हुआ. जिसमें एक मौलवी दोनों लड़कियों का निकाह कराते हुए दिख रहा है. वहीं, एक अन्य वीडियो में दोनों नाबालिगों को यह कहते हुए सुना गया कि उन्होंने अपनी इच्छा से इस्लाम कुबूल किया है.