‘प्रियंका गांधी बाबर के अवशेष तलाशने के लिए अयोध्या जा रही हैं.’  

— मोहसिन रजा, उत्तर प्रदेश सरकार में वक्फ बोर्ड राज्य मंत्री

मोहसिन रजा का यह बयान कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के अयोध्या दौरे पर निशाना साधते हुए आया है. इसके साथ ही प्रियंका गांधी को साइबेरियन क्रेन (प्रवासी पक्षी) बताते हुए उन्होंने सवालिया लहजे में कहा कि आखिर वे क्या तलाशने अयोध्या जा रही हैं. मोहसिन रजा ने आगे कहा, ‘कांग्रेस के लोगों ने हमेशा से भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाए हैं. ऐसे में वे शायद बाबर के अवशेष तलाशने के लिए वहां जा रही हैं. लेकिन अब उन्हें वहां कुछ मिलने वाला नहीं है.’

‘पाकिस्तान के बालाकोट में हुई भारतीय वायु सेना की एयर स्ट्राइक का राजनीतिकरण नहीं किया जाना चाहिए.’  

— नितिन गडकरी, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री

नितिन गडकरी ने यह बात एक इंटरव्यू के दौरान कही. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि वायु सेना की उस कार्रवाई का किसी को श्रेय नहीं लेना चाहिए. साथ ही उसे आगामी आम चुनाव के साथ भी जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए. नितिन गडकरी ने आगे कहा, ‘अगर इस बात को लेकर विपक्षी दलों को कोई संदेह है तो यह उनकी परेशानी है.’ गडकरी का यह भी कहना था, ‘भारत की मौजूदा सरकार राष्ट्र सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और इसे लेकर वह कोई समझौता करने को तैयार नहीं है.’


‘अगर कांग्रेस की केंद्र में सरकार बनी तो गरीब परिवारों को सालाना 72 हजार रुपये की वित्तीय मदद दी जाएगी.’  

— राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष

राहुल गांधी ने यह बात दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान देश से गरीबी हटाने के लिए ‘न्यूनतम आय गारंटी योजना’ की घोषणा करते हुए कही. इसे एक ‘ऐतिहासिक योजना’ करार देते हुए उन्होंने कहा कि इसके लागू होने से देश के पांच करोड़ गरीब परिवारों और करीब 25 करोड़ लोगों को लाभ मिलेगा. राहुल गांधी का यह भी कहना था, ‘जरूरतमंदों तक यह मदद उनके बैंकों खातों के जरिये पहुंचाई जाएगी. जब इस योजना का लाभार्थी 12 हजार रुपये की मासिक आय पार कर जाएगा तो उसे इसका लाभ मिलना बंद हो जाएगा. इस तरह धीरे-धीरे उनकी सरकार देश से गरीबों की संख्या में कमी ले आएगी.’


‘गरीबी हटाने के नाम पर कांग्रेस अध्यक्ष की घोषणा एक धोखा है.’  

— अरुण जेटली, केंद्रीय वित्त मंत्री

अरुण जेटली का यह बयान राहुल गांधी की ‘न्यूनतम आय गारंटी योजना’ पर प्रतिक्रिया देते हुए आया है. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘आज राहुल गांधी गरीबों को जो कुछ देने का वादा कर रहे हैं, सरकार पहले से ही उसका डेढ़ गुना उन्हें दे रही है. अरुण जेटली ने आगे कहा कि राहुल गांधी जिस योजना को ‘ऐतिहासिक बता रहे हैं वह सिवाय ‘धोखे’ के और कुछ नहीं है. उनका यह भी कहना था, ‘बीते सात दशकों के दौरान कांग्रेस ने गरीबी हटाने को लेकर सिर्फ वादे किए हैं. उन पर कभी अमल नहीं किया.’


‘कर्जमाफी और मुफ्त बिजली के जरिये किसानों की दीर्घकालिक समस्याएं हल नहीं की जा सकतीं.’  

— एम वेंकैया नायडू, उप राष्ट्रपति

एम वेंकैया नायडू ने यह बात पुणे में एक कार्यक्रम के दौरान दिए गए अपने संबोधन में कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘किसानों की समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए हमें उनके मुनाफे के साथ उनकी नियमित आय को भी बढ़ाना होगा. इसके लिए पशु पालन जैसे विकल्प अपनाए जा सकते हैं.’ वेंकैया नायडू ने आगे कहा कि ऐसा होने पर कृषि से उनकी निर्भरता घटेगी. साथ ही उनके लिए आय के दोहरे साधन भी खुलेंगे. नायडू का यह भी कहना था कि इसके लिए खेती-किसानी से जुड़ी सहकारी समितियों को भी किसानों को प्रेरित और प्रोत्साहित करना चाहिए.