‘मनोहर पर्रिकर रफाल विमान सौदे से सहमत नहीं थे.’  

— शरद पवार, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के प्रमुख

शरद पवार ने यह बात महाराष्ट्र के कोल्हापुर में पत्रकारों के साथ बातचीत करते हुए कही. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘यही वजह भी थी कि मनोहर पर्रिकर रक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा देकर गोवा लौट गए थे.’ इस मौके पर शरद पवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा, ‘नरेंद्र मोदी 2014 के दौरान किए वादों को पूरा करने में असफल रहे हैं, इसलिए वे मुख्य मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाना चाहते हैं.’

‘लोकसभा का यह चुनाव अनिल अंबानी बनाम आम जनता के बीच है.’  

— राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष

राहुल गांधी ने यह बात कर्नाटक के चित्रदुर्ग में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कही. इसके साथ ही उन्होंने इस चुनाव को ‘विचारधाराओं की लड़ाई’ बताते हुए इसे चोरों और ईमानदारों के बीच ‘सच्चाई और झूठे वादों’ का मुकाबला भी बताया. राहुल गांधी ने आगे कहा, ‘इस चुनाव में जहां एक तरफ गुस्सा, नफरत और विभाजनकारी नीतियां हैं तो वहीं दूसरी तरफ प्यार, स्नेह और भाईचारा है.’


‘अब होगा न्याय की बात कहकर कांग्रेस ने अतीत में देश के साथ अन्याय करने की बात स्वीकार ली है’  

— नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री

नरेंद्र मोदी ने यह बात तमिलनाडु के रामनाथपुरम में एक रैली को संबोधित करते हुए कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा कि भले ही कांग्रेस की मंशा न हो पर उसने ‘न्याय’ का चुनावी वादा कर दिया. इसके साथ ही सवालिया लहजे में नरेंद्र मोदी का यह भी कहना था, ‘मैं कांग्रेस से जानना चाहता हूं कि 1984 के सिख दंगों में कौन न्याय करेगा. दलित विरोधी दंगों और भोपाल गैस त्रासदी के पीड़ितों के साथ कौन न्याय करेगा. महान एमजी रामचंद्रन की सरकार के साथ कौन न्याय करेगा, जिसे कांग्रेस ने सिर्फ इसलिए बर्खास्त कर दिया था क्योंकि एक परिवार को वे नेता पसंद नहीं थे.’


‘नरेंद्र मोदी की मानसिकता गरीब विरोधी है इसीलिए वे ‘न्याय’ का विरोध कर रहे हैं.’  

— रणदीप सिंह सुरजेवाला, कांग्रेस के प्रवक्ता

रणदीप सिंह सुरजेवाला का यह बयान न्यूनतम आय गारंटी योजना ‘न्याय’ को लेकर दिए गए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान पर पलटवार करते हुए आया है. इसके साथ ही सवालिया लहजे उन्होंने यह भी कहा, ‘2014 के चुनाव में लोगों के खातों में 15 लाख रुपये जमा कराने का वादा करने वाले मोदी ने क्यों लोगों को एक रुपया भी नहीं दिया. क्यों वे ऐसी योजना का विरोध कर रहे हैं जो गरीबों को सालाना 72 हजार रुपये की आर्थिक मदद देगी.’


‘अली और बजरंगबली हमारे अपने हैं, हमें दोनों चाहिए.’  

— मायावती, बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख

मायावती ने यह बात उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘अली-बजरंगबली’ को लेकर दिए एक बयान पर पलटवार करते हुए कही है. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘हम बजरंगबली को इसलिए चाहते हैं क्योंकि वे हमारी दलित जाति से जुड़े हुए हैं.’ मायावती का यह भी कहना था, ‘बजरंगबली की जाति की खोज मैंने नहीं बल्कि खुद योगी आदित्यनाथ ने की है.’ इससे पहले योगी आदित्यनाथ ने एक चुनावी सभा में कहा था कि सपा-बसपा गठबंधन को अगर ‘अली’ पर यकीन है तो उन्हें बजरंगबली पर विश्वास है. इसके अलावा बीते साल राजस्थान में एक चुनावी रैली को संबोधित करने के दौरान आदित्यनाथ ने बजरंगबली को ‘दलित और वंचित’ समुदाय का बताया था.