आचार संहिता के उल्लंघन के लिए चुनाव आयोग ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बहुजन समाज पार्टी की मुखिया मायावती पर कड़ी कार्रवाई की है. आयोग ने योगी आदित्यनाथ के चुनाव प्रचार करने पर 72 घंटे यानी तीन दिनों की रोक लगा दी है. मायावती के लिए यह समय सीमा दो दिन की है. यह पाबंदी 16 अप्रैल सुबह छह बजे से लागू हो जाएगी. दोनों पर चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन को लेकर यह रोक लगाई गई है. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव आयोग से इस बारे में सवाल किया था. शीर्ष अदालत ने पूछा था कि इन नेताओं को दो हालिया बयानों को आपत्तिजनक मानने के बावजूद आयोग में कोई कार्रवाई क्यों नहीं कर रहा.

मायावती ने सात अप्रैल को उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में एक विवादित बयान दिया था. एक रैली में उन्होंने कहा था कि भाजपा को हराने के लिए मुस्लिम बिरादरी के सभी लोग अपना वोट महागठबंधन को दें. उधर, योगी आदित्यनाथ ने नौ अप्रैल को मेरठ में एक रैली की थी. इसमें उन्होंने कहा था कि अगर कांग्रेस, सपा और बसपा का भरोसा ‘अली’ में है तो उनकी की आस्था बजरंगबली में है. चुनाव आयोग ने इन दोनों बातों को आपत्तिनजक पाया. उसके नोटिस के बाद योगी आदित्यनाथ ने आगे ऐसे बयान न देने की बात कही थी. उधर, मायावती ने कहा था कि वे अपनी बात पर कायम हैं.