कांग्रेस की राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी ने अपनी ही पार्टी के एक फैसले को लेकर नाराजगी जताई है. साथ ही इस संबंध में उन्होंने पार्टी के एक ट्वीट को रीट्वीट भी किया है. इसमें उन्होंने लिखा है, ‘यह बेहद दुखद है कि अपना खून-पसीना देने वाले लोगों के बजाय कांग्रेस में खराब आचरण करने वाले कुछ लोगों को तरजीह दी जा रही है. मैंने पहले भी अपनी पार्टी के लिए लोगों की तरफ से अपशब्दों की मार सही है. लेकिन अब मुझे धमकाने वालों को बिना किसी कार्रवाई के छोड़ा जा रहा है. यह देखना दुर्भाग्यपूर्ण है.’

यह पूरा मामला बीते साल सितंबर में उत्तर प्रदेश के मथुरा में रफाल विमान सौदे को लेकर हुई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस से संंबंधित है. उस दौरान प्रियंका चतुर्वेदी ने वहां के एक पूर्व विधायक के साथ पत्रकारों के साथ कॉन्फ्रेंस की थी. तब कांग्रेस के एक नेता के निष्कासन को लेकर पार्टी कुछ कार्यकताओं ने प्रियंका चतुर्वेदी के साथ दुर्व्यवहार किया था. कांग्रेस प्रवक्ता ने उसकी शिकायत पार्टी हाइकमान से की थी जिसके बाद उन कार्यकर्ताओं को पार्टी से निकाल दिया गया था. इधर, निकाले गए कार्यकर्ताओं को पार्टी में वापस लिए जाने को लेकर ही कांग्रेस ने इसी हफ्ते यह चिट्ठी जारी की थी.

कांग्रेस की उत्तर प्रदेश की इकाई की तरफ से जारी इस चिट्ठी में यह भी कहा गया है कि निकाले एक कार्यकर्ताओं ने पार्टी से माफी मांगी है. उसके मद्देनजर उन्हें पार्टी में वापस लिए जाने का फैसला किया गया है.