मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने आंधी-तूफान से प्रभावित गुजरात के लोगों के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरफ से किए गए मुआवजे के ऐलान पर तंज कसा है. इसके साथ ही एक ट्वीट के जरिये उन्होंने यह भी कहा है, ‘मोदी जी, आप देश के प्रधानमंत्री हैं न कि गुजरात के. मध्य प्रदेश में भी बेमौसम की बारिश और तूफान के कारण आकाशीय बिजली गिरने से दस से अधिक लोगों की मौत हुई है. लेकिन आपकी संवेदनाएं सिर्फ गुजरात तक सीमित हैं. भले ही यहां आपकी पार्टी की सरकार नहीं है लेकिन लोग यहां भी बसते हैं.’

इससे पहले बुधवार को ही नरेंद्र मोदी ने इसी मंगलवार को गुजरात के विभिन्न हिस्सों में आए तूफान व भारी बारिश से मरने वालों के परिवारों के साथ संवेदनाएं जताई थीं. साथ ही प्रधानमंत्री राहत कोष से मारे जाने वालों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये जबकि घायलों को 50-50 हजार रुपये का मुआवजा देने का ऐलान भी किया था. उसी घोषणा पर कमलनाथ ने प्रधानमंत्री पर निशाना साधते हुए उनपर भेदभाव का आरोप लगाया था.

हालांकि कमलनाथ के ट्वीट करने के कुछ देर बाद प्रधानमंत्री ने देश के अन्य राज्यों में बारिश-तूफान से हुई मौतों पर अफसोस जताया. साथ ही मध्य प्रदेश के अलावा राजस्थान, मणिपुर जैसे राज्यों में भी मरने वालों के परिजनों और घायलों को गुजरात के समान मुआवजा देने की घोषणा कर दी.

इस दौरान इस मुद्दे को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता अनिल बलूनी ने प्रधानंमत्री का बचाव करते हुए कमलनाथ पर निशाना भी साधा. उन्होंने कहा कि इस आपदा को लेकर प्रधानमंत्री को गुजरात से रिपोर्ट भेजी गई थी. लेकिन अन्य राज्यों में हुए नुकसान संबंधी कोई जानकारी उन्हें नहीं दी गई थी. इसके साथ ही अनिल बलूनी ने कमलनाथ पर सब कुछ जानते हुए ‘राजनीति’ करने का आरोप भी लगाया.

पश्चिमी विक्षोभ के कारण इसी मंगलवार को मौसम ने अचानक करवट ली थी. इसके बाद बारिश और तूफान ने उत्तर भारत सहित पूर्वोत्तर के कई इलाकों में कहर बरपाया था. इसकी वजह से खेतों में खड़ी फसल को तो नुकसान पहुंचा ही साथ ही देश के अलग-अलग हिस्सों से 31 लोगों के मारे जाने की खबरें भी आई थीं.