कांग्रेस ने तमाम अटकलों पर विराम लगाते हुए अजय राय को एक बार फिर वाराणसी लोकसभा सीट से अपना उम्मीदवार घोषित कर दिया है. अजय राय इससे पहले 2014 में भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इस सीट से टक्कर दे चुके हैं और तब वे यहां तीसरे नंबर पर रहे थे. दिलचस्प बात है कि सोशल मीडिया पर उसी समय वे सबसे ज्यादा चर्चा में आए थे और पांच साल के बाद फेसबुक और ट्विटर आज फिर उनकी चर्चा रही.

हालांकि अजय राय के नाम की घोषणा से पहले ऐसी खबरें थीं कि कांग्रेस इस सीट से प्रियंका गांधी को चुनाव लड़वा सकती है. प्रियंका गांधी को यहां से उम्मीदवार न बनाए जाने को लेकर सोशल मीडिया पर कई लोगों ने कांग्रेस के मोदी को चुनौती देने के इरादे पर संदेह जताया है. वरिष्ठ पत्रकार बरखा दत्त का ट्वीट है, ‘अगर कांग्रेस का कभी कोई इरादा नहीं था तो प्रियंका गांधी को एक बार नहीं, दो-दो बार यह इच्छा नहीं जतानी चाहिए थी कि वे नरेंद्र मोदी के सामने उम्मीदवार बन सकती हैं. इससे ऐसा लगता है कि मोदी के बनारस में (आज के) मेगा शो के आगे कांग्रेस गायब है.’

इस बात की काफी कम संभावना है कि अजय राय मोदी को कोई टक्कर दे पाएंगे. यही वजह है कि सोशल मीडिया पर उनके साथ सहानुभूति जताते हुए कई प्रतिक्रियाएं आई हैं. इसी हवाले से आशीष प्रदीप ने फेसबुक पर चुटकी ली है, ‘कांग्रेस मस्त पार्टी है, बाकी सब उम्मीदवार घोषित करते हैं, वो बलि का बकरा.’

अजय राय के वाराणसी से कांग्रेस उम्मीदवार घोषित होने पर सोशल मीडिया में आई प्रतिक्रियाएं :

नयन मोगिया | @Original_Namo

रजनीश | facebook

बनारस में इन्हें (कांग्रेस को) एक सीरियस कैंडिडेट तक नहीं मिला... अब बकते रहिए कि संविधान ख़तरे में है.

योगी आदित्यनाथ एफसी | @Yogifanclub_

जब अजय राय को पता चला कि उन्हें एक बार फिर नरेंद्र मोदी का मुकाबला करना है :

शिव अरूर | @ShivAroor

सोचिये कि आपका आज का दिन खराब गया है... अब खुद को अजय राय की जगह रखकर देखिए.

माणक गुप्ता | @manakgupta

2014 में वाराणसी चुनाव को अरविंद केजरीवाल ने दिलचस्प बनाया था. इस बार तो कांग्रेस ने भी वॉकओवर दे दिया है.

सिरकुसम |‏ @Shikh55_

अजय राय वाराणसी में नरेंद्र मोदी के खिलाफ चुनाव लड़ेंगे. कांग्रेस अजय राय से :

अखिलेश शर्मा‏ | @akhileshsharma1

इस बीच अजय राय उस शख़्स की तरह हो गए हैं जो सड़क पर पड़ा केले का छिलका देखते ही बोलता है - ओह नो! फिर फिसलना पड़ेगा!