‘गठबंधन सरकारें भारत की अर्थव्यवस्था के लिए बुरी नहीं हैं.’  

— आनंद महिंद्रा, महिंद्रा समूह के अध्यक्ष

आनंद महिंद्रा ने यह बात मुंबई में अपना वोट डालने के बाद पत्रकारों के साथ बातचीत करते हुए कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘आज देश को नौकरियों और अखंडता देने वाली एक साफ-सुथरी सरकार की जरूरत है.’ इसके साथ ही उनका यह भी कहना था, ‘आज हम सब विकास और वृद्धि के वायरस से संक्रमित हैं. ऐसे में मैं समझता हूं कि अगर देश में गठबंधन की सरकार भी आती है तो वह भी प्रगति और विकास को लेकर काम करेगी.’

‘तृणमूल कांग्रेस के 40 विधायक मेरे संपर्क में हैं जो 23 मई को चुनावी नतीजे आते ही पार्टी छोड़ देंगे.’  

— नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री

नरेंद्र मोदी ने यह बात पश्चिम बंगाल के सेरमपुर में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘दीदी (पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी) ने लोगों के साथ विश्वासघात किया है. इसलिए इस चुनाव के बाद उनका बचना मुश्किल है.’ इसके साथ ही नरेंद्र मोदी का यह भी कहना था कि दीदी के शासन में देश से प्यार करने वाले और राम, दुर्गा व सरस्वती के भक्त खतरे के साए में जी रहे हैं. वहीं दूसरी तरफ घुसपैठिये आराम की जिंदगी काट रहे हैं.


‘आप चुनाव प्रचार कर रहे हैं या फिर हॉर्स ट्रेडिंग.’  

— डेरेक ओ’ ब्रायन, तृणमूल कांग्रेस के प्रवक्ता

डेरेक ओ’ ब्रायन का यह बयान प्रधानमंत्री द्वारा तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के विधायकों के उनके संपर्क में होने वाले बयान पर पलटवार करते हुए आया है. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘एक्सपायरी बाबू (नरेंद्र मोदी) आपकी एक्सपायरी डेट (सत्ता से बेदखल होने का वक्त) नजदीक है. आपके साथ टीएमसी का विधायक तो दूर एक काउंसलर भी जाने वाला नहीं है.’ डेरेक ओ’ ब्रायन का यह भी कहना था कि उनकी पार्टी ने प्रधानमंत्री के उस बयान के खिलाफ चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज कराने का फैसला भी किया है.


‘प्रधानमंत्री ने जिन दो करोड़ नौकरियों का वादा किया था, वे कहां हैं?’  

— राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष

राहुल गांधी ने यह बात राजस्थान के चुरु में एक चुनावी रैली संबोधित करते हुए कही. इस मौके पर उन्होंने प्रधानमंत्री द्वारा लोगों के खातों में 15 लाख रुपये डलवाने के वादे पर भी सवाल उठाए. रैली में शामिल लोगों से सवालिया लहजे में उन्होंने कहा, ‘क्या आपमें से किसी के खाते में नरेंद्र मोदी ने 15 लाख रुपये डलवाए हैं.’ इसके साथ ही राहुल गांधी का यह भी कहना था कि अगर केंद्र में उनकी पार्टी की सरकार बनी तो न्यूनतम आय गारंटी योजना (न्याय) के जरिये वे गरीबों को सालाना 72 हजार रुपये तक की वित्तीय मदद देंगे.


‘आपका एक गलत वोट आपके बच्चों को चायवाला, पकौड़ेवाला या फिर चौकीदार बना सकता है.’  

— नवजोत सिंह सिद्धू, कांग्रेस के नेता

नवजोत सिंह सिद्धू ने यह बात एक ट्वीट के जरिये वोटरों को नसीहत और प्रधानमंत्री पर तंज कसते हुए कही है. इसी ट्वीट से उन्होंने यह भी कहा, ‘बाद में पछतावे से अच्छा है कि रोकथाम के लिए पहले से ही तैयार रहा जाए.’ गौर करने की बात यह है कि बीते महीने ही प्रधानमंत्री ने ‘मैं भी चौकीदार’ अभियान की शुरुआत की थी. इसके अलावा कई मौकों पर वे (नरेंद्र मोदी) खुद को ‘चाय बेचनेवाला’ भी बता चुके हैं.