प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आरोप लगाया है कि ‘गांधी परिवार ने युद्धपोत आईएनएस विराट को ‘निजी टैक्सी’ की तरह इस्तेमाल किया. यह उस समय की बात है जब राजीव गांधी प्रधानमंत्री थे.

दिल्ली में अपनी चुनावी रैली में बुधवार देर शाम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘आईएनएस विराट का इस्तेमाल एक निजी टैक्सी की तरह करके इसका अपमान किया गया.आईएनएस विराट को हमारी समुद्री सीमा की रक्षा के लिए तैनात किया गया था. लेकिन उसका रास्ता बदल कर उसे गांधी परिवार को लेने भेज दिया गया. उस दौरान आईएनएस विराट 10 दिनों तक उसी द्वीप पर खड़ा रहा, जहां गांधी परिवार छुटि्टयां मना रहा था. राजीव गांधी के साथ उनके ससुराल के लोग भी थे. वे इटली से आए थे. सवाल यह है कि क्या विदेशियों को एक युद्धपोत पर ले जाकर देश की सुरक्षा के साथ समझौता नहीं किया गया?’

प्रधानमंत्री ने दावा किया कि राजीव गांधी के नेतृत्व वाली तत्कालीन सरकार और नौसेना ने उनके परिवार एवं ससुराल पक्ष की मेजबानी की. उनकी सेवा में एक हेलीकॉप्टर भी लगाया गया था. ग़ौरतलब है कि विमान वाहक पोत आईएनएस विराट भारतीय नौसेना में 1987 में शामिल किया गया था. करीब 30 साल तक सेवाएं देने के बाद 2016 में उसे सेवा से अलग किया गया. दूसरी ग़ौर करने की बात ये है कि चुनाव प्रचार के दौरान नरेंद्र मोदी लगातार विपक्षियों पर निजी हमले कर रहे हैं. उदाहरण के लिए वे इससे पहले पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी को ही ‘भ्रष्टाचारी नंबर-वन’ भी कह चुके हैं.