‘बापू के अपमान के लिए मैं प्रज्ञा ठाकुर को कभी मन से माफ नहीं कर पाऊंगा’  

— नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री

नरेंद्र मोदी ने यह बात एक इंटरव्यू के दौरान पूछे गए सवाल के जवाब में कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘प्रज्ञा ठाकुर का जो बयान आया है वह पूरी तरह से निंदनीय और अस्वीकार्य है. लोगों को भूलकर भी ऐसी गलती नहीं करनी चाहिए.’ इससे पहले इसी गुरुवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की नेता प्रज्ञा ठाकुर ने महात्मा गांधी (बापू) के हत्यारे नाथूराम गोडसे को देशभक्त बताया था.

‘चुनाव आयोग ने लोकसभा के इस चुनाव में पक्षपात करते हुए नरेंद्र मोदी को फायदा पहुंचाया है.’  

— राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष

राहुल गांधी ने यह बात एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘चुनाव प्रचार के दौरान मोदी जी ने वे सब बातें कहीं जिन्हें वे कहना चाहते थे. लेकिन दूसरे नेताओं को ऐसा करने से रोका गया.’ इसके साथ ही उनका यह भी कहना था, ‘हमें लगता है कि इस चुनाव का पूरा कार्यक्रम मोदी जी के चुनावी प्रचार को देखते हुए तय किया गया था. इसे पूरा देश महसूस करता है.’


‘प्रज्ञा ठाकुर की उम्मीदवारी फर्जी भगवा आतंकवाद के खिलाफ एक सत्याग्रह के जैसी है.’  

— अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष

अमित शाह ने यह बात दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पूछे गए सवाल के जवाब में कही. इस मौके पर उन्होंने ‘भगवा आतंकवाद’ को काल्पनिक बताते हुए कांग्रेस पर ‘वोट बैंक’ के लिए इस शब्द को गढ़ने का आरोप भी लगाया. अमित शाह ने आगे कहा, ‘समझौता एक्सप्रेस में हुए धमाके के मामले में भगवा आतंक का फर्जी मामला बनाया गया था, जिसमें आरोपित बरी हो चुके हैं.’


‘आतंकी हर धर्म में होते हैं.’  

— कमल हासन, मक्कल निधि मय्यम के संस्थापक

कमल हासन ने यह बात तमिलनाडु में चुनावी प्रचार के दौरान कही. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘हम यह दावा नहीं कर सकते कि हमारा धर्म श्रेष्ठ है. इतिहास आपको दिखाता है कि अतिवादी सभी धर्मों में होते हैं.’ इस मौके पर ‘गोडसे’ वाले बयान की तरफ इशारा करते हुए कमल हासन ने यह भी कहा कि वे गिरफ्तारी से नहीं डरते. लेकिन अगर उन्हें गिरफ्तार किया जाता है तो इससे तनाव बढ़ेगा.


‘केंद्र में अगर सपा-बसपा गठबंधन की सरकार बनी तो हम न्याय से भी ज्यादा बेहतर योजना लाएंगे.’  

— मायावती, बहुजन समाज पार्टी की प्रमुख

मायावती ने यह बात उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर में एक चुनावी रैली को संबोधित करने के दौरान कही. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘कांग्रेस की प्रस्तावित न्याय योजना के जरिये गरीबों को प्रतिमाह छह हजार रुपये देने से गरीबी मिटने वाली नहीं है. ऐसे में अगर केंद्र में हमारे गठबंधन की सरकार बनी तो हम सरकारी और निजी क्षेत्र में गरीबों को स्थायी रोजगार दिलाने संबंधी प्रस्ताव लाएंगे.’ इस मौके पर मायावती ने कांग्रेस और भाजपा पर झूठे वादे करने का आरोप भी लगाया.