शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया है. इस मौके पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष अमित शाह की अगुवाई में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) का एक प्रतिनिधिमंडल भी उनके साथ था. इस प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति को नरेंद्र मोदी का समर्थन करने वाले नव-निर्वाचित सांसदों की सूची भी सौंपी. इसके मद्देनजर रामनाथ कोविंद ने नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री कार्यालय में नियुक्त किया और उन्हें सरकार बनाने का न्यौता भी दिया.

इस दौरान राष्ट्रपति ने नरेंद्र मोदी से केंद्रीय मंत्रिपरिषद् में सदस्यों की नियुक्ति के लिए नाम सुझाने का आग्रह किया है. साथ ही प्रधानमंत्री पद के लिए राष्ट्रपति भवन में आयोजित होने वाले शपथ ग्रहण समारोह का दिन और समय तय करने के लिए भी कहा है.

इससे पहले शनिवार को ही संसद भवन के सेंट्रल हॉल में नरेंद्र मोदी को औपचारिक तौर पर एनडीए का नेता चुना गया था. संसदीय दल का नेता चुने जाने संबंधी वह प्रस्ताव अमित शाह ने रखा था जिसका भाजपा के वरिष्ठ नेता राजनाथ सिंह के अलावा नितिन गडकरी ने समर्थन किया था. तब अमित शाह ने यह भी कहा था कि देश की जनता ने एक बार फिर नरेंद्र मोदी में विश्वास जाहिर किया है.