मूलभूत सुविधाओं से वंचित मध्य प्रदेश के दूरदराज के हजारों स्कूलों के बच्चे अब तक बिना बिजली के पढ़ाई करने को मजबूर थे, लेकिन चुनावों में मतदान केंद्र बनाए जाने के चलते इनके दिन फिर गए हैं. चुनाव आयोग से प्राप्त जानकारी के मुताबिक मध्य प्रदेश के दूरदराज के इलाकों में स्थित 15 हजार प्राथमिक पाठशालाओं में चुनाव के दौरान बिजली के स्थायी कनेक्शन दिए गए. यानी, चुनावी तैयारियों के नाम पर बिजली पाने वाले इन स्कूलों के बच्चे अब इस सुविधा से लाभान्वित हो सकेंगे.

पीटीआई के मुताबिक चुनाव आयोग की ओर से बताया गया है कि ये स्कूल मध्य प्रदेश के दूरदराज के उन इलाकों में स्थित हैं, जिनमें किन्हीं कारणों से या तो बिजली कनेक्शन नहीं था या इनमें बिजली आपूर्ति की अस्थायी व्यवस्था की गयी थी. लेकिन, मतदान से पहले राज्य के शिक्षा एवं ऊर्जा विभाग ने आयोग की पहल पर इन स्कूलों को बिजली के स्थायी कनेक्शन मुहैया कराए. मतदान में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) एवं बिजली से चलने वाले अन्य तकनीकी उपकरणों के कारण प्रत्येक मतदान केंद्र पर बिजली का होना जरूरी है.

इस बार लोकसभा चुनाव की तैयारियों के कारण मूलभूत सुविधाओं का लाभ बिहार के कुछ स्कूलों को भी मिला है. बिहार के मुख्य चुनाव अधिकारी की रिपोर्ट के अनुसार राज्य में दर्जन भर से अधिक ऐसे प्राेथमिक विद्यालयों को मतदान केन्द्र के रूप में चयनित किया गया जिनकी जर्जर इमारत थी. लेकिन, मतदान केंद्र बनाने की वजह से इनके कमरों को रंगरोगन कर दुरुस्त किया गया.