क्रिकेट विश्वकप-2019 के अपने पहले मुकाबले में बुधवार को भारत ने दक्षिण अफ्रीका को छह विकेट से मात देकर शानदार आगाज किया. इस खबर को आज के अधिकतर अखबारों ने पहले पन्ने पर जगह दी है. भारत के सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा इस मैच के हीरो साबित हुए. उनके 144 गेंदों में नाबाद 122 रनों की मदद से टीम इंडिया ने विजयी लक्ष्य 288 रनों को 47.3 ओवरों में हासिल कर लिया. इससे पहले दक्षिण अफ्रीका ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवरों में नौ विकेट के नुकसान पर 227 रन बनाए थे. अफ्रीकी टीम की ओर से मौरिस ने सर्वाधिक 42 रनों की पारी खेली. वहीं, भारत की ओर से युजवेंद्र चहल ने 51 रन देकर सर्वाधिक चार विकेट लिए. भारत का अगला मैच ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ नौ जून को है.

भाजपा और तृणमूल कांग्रेस के बीच छिड़ी ‘पोस्टकार्ड जंग’ में केंद्र सरकार को 3.5 करोड़ रुपये की चपत

भाजपा और तृणमूल कांग्रेस के बीच छिड़ी ‘पोस्टकार्ड जंग’ में केंद्र सरकार को 3.5 करोड़ रुपये की चपत लगने की आशंका है. अमर उजाला की रिपोर्ट के मुताबिक भाजपा ‘जय श्रीराम’ लिखे 10 लाख पोस्टकार्ड तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सुप्रीमो ममता बनर्जी को भेज रही है. वहीं, टीएमसी ‘जय बांग्ला-जय काली’ लिखे 20 लाख पोस्टकार्ड भाजपा नेताओं को भेज रही है. इन नेताओं में नरेंद्र मोदी, अमित शाह, बाबुल सुप्रियो, मुकुल रॉय और दिलीप घोष शामिल हैं. बताया जाता है कि एक पोस्टकार्ड को छापने के लिए सरकार को 12.25 रुपये खर्च करने पड़ते हैं. लेकिन इसकी कीमत केवल 50 पैसे तय की गई है. इस लिहाज से एक पोस्टकार्ड पर सरकार 11.75 पैसे की सब्सिडी देती है. यानी यदि दोनों पार्टियों के बीच इस टकराव में 30 लाख पोस्टकार्डों का इस्तेमाल किया जाता है तो इससे सरकार को 3.5 करोड़ रुपये का चूना लगना तय दिखता है.

राहुल गांधी ने पर्यावरण से जुड़े मुद्दों को राजनीतिक मुद्दा बनाने पर जोर दिया

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने पर्यावरण से संबंधित मुद्दों को अहमियत देने की अपील की है. द हिंदू की खबर के मुताबिक बुधवार को पर्यावरण दिवस के मौके पर उन्होंने कहा, ‘जब तक हम पर्यावरण से जुड़े मुद्दों को राजनीतिक मुद्दे नहीं बनाते हैं तब तक इन्हें जरूरत के लिहाज से इनको अहमियत नहीं मिलेगी.’ उन्होंने आगे नदियों के प्रदूषित होने, भूजल स्तर के गिरने और जंगलों के कटने पर भी चिंता जाहिर की. राहुल गांधी ने कहा, ‘ग्लोबल वार्मिंग कोई मिथ (कल्पना की हुई कहानी) नहीं है. भारत के प्रदूषित शहर जहां लोगों को सांस लेने में परेशानी होती है, ये कोई मिथ नहीं है. यह यथार्थ है.’

भाजपा सांसद ने बलात्कार के मामले में आरोपित विधायक को जेल में जाकर शुक्रिया कहा

उत्तर प्रदेश के उन्नाव से भाजपा सांसद साक्षी महाराज ने बलात्कार के मामले में आरोपित विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को शुक्रिया अदा किया है. नवभारत टाइम्स की खबर के मुलाकात भाजपा सांसद ने बुधवार को आरोपित विधायक से सीतापुर स्थित जेल में मुलाकात की. इस मुलाकात के बारे में जब साक्षी महाराज से पूछा गया तो उन्होंने कहा कि वे सेंगर को शुक्रिया (लोकसभा चुनाव में जीत को लेकर) कहने आए थे. इससे पहले 11 जुलाई, 2018 को भाजपा विधायक कुलदीप के खिलाफ आरोपपत्र दायर किया गया था. आरोपित पर अपने सहयोगियों के साथ मिलकर एक लड़की से सामूहिक बलात्कार का आरोप है.

बिहार : बिना पढ़ाई डिग्री देने वाले 100 से अधिक कॉलेजों के खिलाफ जांच के आदेश

बिहार में 100 से अधिक कॉलेज बिना पढ़ाई के छात्रों को डिग्री देने का कारोबार चला रहे हैं. दैनिक जागरण की खबर के मुताबिक इनमें अधिकतर राज्य सरकार से मान्यता हासिल करने से पहले छात्रों का नामांकन कर लेते हैं. वहीं, ये कॉलेज आधारभूत संरचना के मानदंडों पर भी खरे नहीं उतरते. अखबार की मानें तो इस गोरखधंधे में विश्वविद्यालयों के प्रशासनिक अधिकारी और कर्मचारी भी शामिल होते हैं. अखबार ने शिक्षा विभाग के हवाले बताया है कि मगध विश्वविद्यालय (बोधगया) से संबंद्ध 56 कॉलेज इस सूची में शामिल हैं. इसके अलावा वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय (आरा) और बीआर अंबेदकर बिहार विश्वविद्यालय (मुजफ्फरपुर) में 11-11 कॉलेज, बीएन मंडल विश्वविद्यालय (मधेपुरा) और जय प्रकाश विश्वविद्यालय (छपरा) में आठ-आठ कॉलेजों में भी बिना पढ़ाई की डिग्री बांटी जा रही है. वहीं, तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय, पूर्णिया विश्वविद्यालय और मुंगेर विश्वविद्यालय में चार कॉलेज तय मानदंडों पर खरे नहीं उतरे हैं. बताया जाता है कि राज्यपाल लालजी टंडन ने संबंधित कुलपतियों को इनके खिलाफ जांच करने के आदेश दिए हैं.

एशिया : पिघलते ग्लेशियर से सूखे के दिनों में 22 करोड़ लोगों की बुनियादी जरूरतें पूरी होती हैं

एशिया महाद्वीप में स्थित पिघलने वाले ग्लेशियर सूखे के दिनों में लोगों के लिए अमृत साबित हो रहे हैं. हिन्दुस्तान ने नेचर पत्रिका की शोध रिपोर्ट के हवाले से कहा है कि ये ग्लेशियर सूखे की स्थिति में प्रमुख नदी घाटियों में पानी के सबसे बड़े माध्यम बन गए हैं. शोधकर्ताओं की मानें तो प्रत्येक साल गर्मी के दिनों में ये ग्लेशियर 36 क्यूबिक किलोमीटर पानी छोड़ते हैं. बताया जाता है कि इनसे 22 करोड़ लोगों की बुनियादी जरूरतें पूरी होती हैं. ब्रिटेन स्थित ग्लेशियर विज्ञानी हैमिश प्रिटचार्ड का कहना है, ‘जब बारिश नहीं होती और पानी की बहुत अधिक कमी हो जाती है तो इस स्थिति में निचले इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए पिघली हुई बर्फ का पानी बहुत जरूरी हो जाता है.’