‘ऐसा संकट हमारे लिए कोई नई बात नहीं है.’  

— चंद्रबाबू नायडू, तेलुगू देशम पार्टी के प्रमुख

चंद्रबाबू नायडू का यह बयान तेलुगू देशम पार्टी (टीडीपी) छोड़ने वाले राज्यसभा के चार सांसदों को लेकर आया है. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘आंध्र प्रदेश के हितों और इसे विशेष राज्य का दर्जा दिलवाने के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से हमारी लड़ाई आगे भी जारी रहेगी.’ इससे पहले गुरुवार को चंद्रबाबू नायडू के चार सांसद टीडीपी छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए थे.

‘कांग्रेस का नया अध्यक्ष चुनने की प्रक्रिया में मैं शामिल नहीं हूं.’  

— राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष

राहुल गांधी ने यह बात संसद भवन के बाहर पत्रकारों के साथ बातचीत करते हुए कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘नए अध्यक्ष के नाम का फैसला पार्टी करेगी क्योंकि मैं इस प्रक्रिया में शामिल होकर इसे जटिल नहीं बनाना चाहता.’ इसके साथ ही राहुल गांधी का यह भी कहना था, ‘मैं कांग्रेस में बना रहूंगा और पार्टी के लिए काम भी करता रहूंगा.’ हालांकि राहुल गांधी के पार्टी अध्यक्ष का पद छोड़ने के प्रस्ताव के बाद कांग्रेस सहित कई दलों के नेता उनसे ऐसा नहीं करने की अपील कर चुके हैं.


‘आर्थिक गतिविधियों की चाल सुस्त पड़ रही है.’  

— शक्तिकांत दास, रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के गवर्नर

शक्तिकांत दास ने यह बात इसी महीने हुई मौद्रिक नीति समिति की बैठक का ब्यौरा सार्वजनिक करते हुए कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘वृद्धि को प्रोत्साहित करने के लिए हमें एक निर्णायक मौद्रिक नीति अपनाने की जरूरत है.’ इसके साथ ही मौद्रिक नीति का रुख नरम करने के प्रति उन्होंने समर्थन भी जताया. उन्होंने कहा, ‘नीतिगत दरों की पिछली समीक्षाओं के दौरान उनमें की गई कटौती के बावजूद 2019-20 में महंगाई के चार प्रतिशत से नीचे रहने का ही अनुमान है.’


‘बातचीत शुरू करने से पहले पाकिस्तान को आतंकवाद से मुक्त आपसी विश्वास का वातावरण बनाना होगा.’  

— रवीश कुमार, विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता

रवीश कुमार का यह बयान पाकिस्तानी मीडिया में छपी कुछ खबरों का खंडन करते हुए आया है. इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा, ‘परंपरा के अनुसार दूसरे देशों से आए बधाई संदेशों पर मंत्रालयों की तरफ से जवाब दिया जाता है. पाकिस्तान से आए संदेशों को लेकर भी वही प्रक्रिया अपनाई गई.’ रवीश कुमार ने आगे कहा, ‘भारत-पाकिस्तान की आपसी बातचीत को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहले ही अपना पक्ष साफ कर चुके हैं.’ इससे पहले वहां की कुछ खबरों में भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर द्वारा दोनों पक्षों के बीच बातचीत शुरू करने की इच्छा जताए जाने की बात कही गई थी.


‘ह्वावे के परिचालन को लेकर भारत स्वतंत्र तौर पर निर्णय करे.’  

— ल्यू कांग, चीन के विदेश मंत्री

ल्यू कांग ने यह बात बीजिंग में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कही. इस मौके पर उन्होंने यह भी कहा, ‘ह्वावे के 5जी में भागीदारी को लेकर अधिकांश देशों ने निरपेक्ष रुख दिखाया है. हम भारत से भी इसी तरह की उम्मीद करते हैं.’ इसके साथ ही उनका यह भी कहना था कि भारत ह्वावे से जुड़े मामले पर अमेरिका के प्रतिबंध से प्रभावित न हो. साथ ही चीनी कारोबारियों को ‘पक्षपात और भेदभाव रहित’ माहौल मुहैया कराए. ह्वावे दूरसंचार उपकरण और मोबाइल फोन बनाने वाली दुनिया की दूसरी बड़ी कंपनी है जिसे अमेरिका ने अपने यहां प्रतिबंधित कर रखा है.