आतंकी सरगना हाफिज सईद के खिलाफ की गई पाकिस्तान की कार्रवाई को भारतीय विदेश मंत्रालय ने ‘दिखावा’ बताया है. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने इस हवाले से यह भी कहा है, ‘आतंकवाद के खिलाफ आधे-अधूरे कदम उठाकर पाकिस्तान ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय समुदाय की आंख में धूल झोंकने की कोशिश की है. हमें उसके इस झांसे में नहीं आना चाहिए.’

उन्होंने आगे कहा, ‘आतंकवादियों और आतंकी संगठनों के खिलाफ पाकिस्तान कितना गंभीर है इसका फैसला विश्वसनीय और उसकी न बदलने वाली कार्रवाई के आधार पर किया जाएगा.’ इसके साथ ही उन्होंने फिर दोहराया, ‘हम आतंकवाद मुक्त माहौल में पाकिस्तान के साथ सामान्य रिश्ते चाहते हैं.’ खबरों के मुताबिक रवीश कुमार ने ये बातें दिल्ली में पत्रकारों के साथ बातचीत में कहीं.

इसी मौके पर दाऊद इब्राहिम को लेकर पूछे गए एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि दाऊद इब्राहिम कहां है, अब यह कोई रहस्य नहीं रह गया. भारत फिर से पाकिस्तान को ऐसे वांछितों की एक सूची सौंप रहा है जो उसके देश में हैं. उन्होंने यह भी कहा कि भारत पहले भी कई मौकों पर दाऊद इब्राहिम को सौंपने की मांग कर चुका है. मुंबई के सिलसिलवार बम धमाकों में उसकी संलिप्तता सबके सामने है.

उधर, इससे पहले इसी बुधवार को पाकिस्तान सरकार ने आतंकवाद निरोधक कानून के तहत पांच प्रतिबंधित संगठनों के खिलाफ आतंक के लिए धन मुहैया कराने का मामला दर्ज किया था. इन मामलों में जिन लोगों को नामजद किया गया है उनमें अब्दुल रहमान मक्की, अमीर हमजा और मुहम्मद याहया अजीज के अलावा हाफिज सईद का नाम भी शामिल है.