केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार ने अपने बजट में करदाताओं को राहत दी है. उसने अंतरिम बजट में पेश किए टैक्स स्लैबों में कोई बदलाव नहीं किया है. यानी पांच लाख रुपये तक की सालाना आय वालों को टैक्स से छूट जारी रहेगी. बजट भाषण में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि अब इनकम टैक्स रिटर्न भरने के लिए पैन कार्ड होना जरूरी नहीं है. उन्होंने कहा कि जिन लोगों के पास पैन कार्ड नहीं है, वे आधार कार्ड के जरिये रिटर्न भर सकते हैं.

वित्त मंत्री ने कहा कि साल में पांच करोड़ रुपये से ज्यादा आय वालों पर सात प्रतिशत अतिरिक्त सरचार्ज लगेगा. वहीं, दो से पांच करोड़ रुपये कमाने वालों को तीन प्रतिशत सरचार्ज देना होगा. बैंक से एक करोड़ रुपये की नकदी निकालने पर भी दो प्रतिशत की दर से टैक्स देना होगा. वहीं, 400 करोड़ रुपये के टर्नओवर वाली कंपनियों पर भी सरकार 25 प्रतिशत कॉर्पोरेट टैक्स लगाएगी. इसके अलावा सोने और अन्य बहुमूल्य धातुओं की खरीद पर लगने वाला उत्पाद शुल्क दस से बढ़कर 12.5 प्रतिशत किया जाएगा.

इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने वालों को 1.5 लाख रुपये की अतिरिक्त टैक्स छूट मिलेगी. इसके अलावा 45 लाख रुपये तक का घर खरीदने पर भी डेढ़ लाख रुपये की अतिरिक्त टैक्स छूट दी जाएगी. भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने बताया कि डायरेक्ट टैक्स से होने वाली सरकार की कमाई 6.38 लाख करोड़ रुपये (2013-14) से बढ़ कर 11.37 लाख करोड़ रुपये (2018-19) हो गई है.