विदेश मंत्री एस जयशंकर ने आतंकवाद जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए राष्ट्रवाद को प्रोत्साहन देने की हिमायत की है और कहा है कि ऐसा करने के लिए देश के पास अब दृष्टिकोण और नेतृत्व दोनों है. एस जयशंकर के मुताबिक पहले ऐसा नहीं था जिसके कारण भारत अन्य देशों के पीछे चल रहा था.

विदेश मंत्री जयशंकर ने ये बातें गुजरात के अहमदाबाद में कही हैं. यहां भाजपा समर्थकों को संबोधित करते हुए पूर्व विदेश सचिव ने नए भारत के दृष्टिकोण के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में चीजें बदल रही है. गुजरात से शुक्रवार को राज्यसभा चुनाव जीतने वाले जयशंकर यहां मुख्यमंत्री विजय रूपाणी और पार्टी के अन्य नेताओं के साथ भाजपा के राष्ट्रव्यापी सदस्यता अभियान में शिरकत कर रहे थे.

पीटीआई मुताबिक इस दौरान उनका कहना था, ‘हम भारत के इतिहास को देखें तो हमारा आंतरिक विवाद हमारी कमजोरी रही है और इसका फायदा दूसरों को हुआ है. आतंकवाद जैसी चुनौतियों के लिए हमें राष्ट्रवाद को प्रोत्साहन देना चाहिए और राष्ट्रीय सुरक्षा बढ़ानी चाहिए. इसके लिए हमें नेतृत्व की जरूरत थी और पिछले कुछ साल में निरंतरता दिखी है, जिसका पहले अभाव था.’ विदेश मंत्री ने आगे कहा कि आज तक केवल उन देशों ने प्रगति की है जहां के लोगों ने देश को आगे ले जाने में अपनी जिम्मेदारी निभाई.

इस दौरान जयशंकर का यह भी कहना था कि एक राजनयिक होने के कारण वे इस बात को लेकर चिंतित रहा करते थे कि भारत चीन जैसे देशों से पिछड़ रहा था. उनके अनुसार यह दृष्टिकोण एवं निश्चय में कमी के कारण था.