सुप्रीम कोर्ट का केंद्र को अहम निर्देश, कहा - घर खरीदारों के हित सुरक्षित रखने के लिए नीति बनाई जाए

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा है कि वो बिल्डरों की परियोजनाओं में घर खरीदने वालों के हित सुरक्षित रखने के लिए एक नीति बनाए. अदालत ने कहा कि देश में ऐसे लाखों लोग हैं जिन्हें बिल्डरों ने वक्त पर घर नहीं दिया और जो अब परेशान हैं कि आगे क्या होगा. केंद्र को जवाब देने के लिए 11 जुलाई तक का वक्त दिया गया है. शीर्ष अदालत ने ये निर्देश जेपी इंफ्राटेक से घर खरीदने वालों लोगों की एक याचिका पर सुनाया. इस याचिका में अनुरोध किया गया था कि शीर्ष अदालत कंपनी के ‘लिक्विडेशन प्रोसेस’ यानी उसे बंद किए जाने की प्रक्रिया में दखल देकर इसे रुकवाए. दिल्ली-एनसीआर सहित देश के कई शहरों में बिल्डरों के अधूरे प्रोजेक्ट्स बड़ी समस्या बन गए हैं. इनके चलते लाखों लोगों के अपने घर का सपना अधर में लटक गया है.

कर्नाटक में जेडीएस-कांग्रेस सरकार पर संकट जारी, सत्ताधारी गठबंधन के दो और विधायकों ने इस्तीफा दिया

कर्नाटक में जेडीएस-कांग्रेस सरकार पर संकट बढ़ता जा रहा है. आज कांग्रेस के दो और विधायकों ने इस्तीफा दे दिया. इन्हें मिलाकर अब तक इस्तीफा देने वाले सत्ताधारी गठबंधन के विधायकों की संख्या 16 हो चुकी है. दो निर्दलीय विधायक भी सरकार के पाले से खिसक चुके हैं. इस बीच बागी विधायकों को मनाने के लिए मुंबई पहुंचे कर्नाटक कांग्रेस के वरिष्ठ नेता डीके शिवकुमार को हिरासत में ले लिया गया. वे उस होटल के सामने धरना दे रहे थे जहां बागी विधायक ठहरे हुए हैं. उनके साथ कांग्रेस नेता मिलिंद देवड़ा को भी हिरासत में लिया गया. इसके बाद मिलिंद देवड़ा ने आरोप लगाया कि भाजपा अपने स्वार्थ के लिए सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग कर रही है. उधर, बागी विधायकों ने सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की है. इसमें कहा गया है कि राज्य विधानसभा अध्यक्ष रमेश कुमार अपने संवैधानिक कर्तव्यों का पालन नहीं कर रहे हैं. इससे पहले, विधानसभा अध्यक्ष ने कहा था कि आठ विधायकों के इस्तीफे नियमों के अनुरूप नहीं पाए गए हैं. उधर, भाजपा ने राज्यपाल से एचडी कुमारस्वामी सरकार को बर्खास्त करने की मांग की है.

इंडिगो के मालिकों का झगड़ा और बढ़ा, कंपनी ने कर्मचारियों से परेशान न होने को कहा

भारतीय विमानन क्षेत्र की अगुवा कंपनी इंडिगो के दोनों प्रमोटरों के बीच मतभेद बढ़ते जा रहे हैं. ताजा मामले में कंपनी में 37 फीसदी हिस्सेदारी रखने वाले राकेश गंगवाल ने सेबी को एक चिट्ठी लिखी है. इसमें उन्होंने बाजार नियामक से शिकायत की है कि इंडिगो के दूसरे प्रमोटर राहुल भाटिया इसे ठीक से नहीं चला रहे. राहुल भाटिया इंडिगो के संचालन की जिम्मेदारी संभालते हैं और उनकी इस कंपनी में 38 फीसदी हिस्सेदारी है. इससे पहले भी ये दोनों इस विवाद को लेकर कानूनी फर्मों से संपर्क साध चुके हैं. किंगफिशर एयरलाइन के चौपट होने और हाल में जेट एयरवेज के बंद होने के बाद इस खबर ने भारतीय विमानन सेक्टर और निवेशकों की बेचैनी और बढ़ा दी है. उधर, कंपनी ने अपने कर्मचारियों को आश्वस्त किया है. कर्मचारियों को लिखी एक चिट्ठी में इसके सीईओ रोनोजॉय दत्ता ने कहा है कि प्रमोटरों के बीच विवाद का कंपनी के संचालन पर कोई असर नहीं होगा.

अल कायदा मुखिया अयमान अल जवाहिरी का नया वीडियो, कश्मीर में सुरक्षा बलों को चोट पहुंचाने की बात कही

अल कायदा के मुखिया अयमान अल जवाहिरी का एक नया वीडियो सामने आया है. इसमें वो कश्मीर में सक्रिय आतंकियों से भारत सरकार और सेना पर लगातार चोट करने का आह्वान कर रहा है. उसने कहा है कि इससे भारत की अर्थव्यवस्था को भी नुकसान होगा. अयमान अल जवाहिरी ने पाकिस्तान को भी नसीहत दी है कि वह कश्मीर को भूले नहीं. बताया जा रहा है कि कश्मीर में सुरक्षा बलों के खिलाफ जंग छेड़ने के लिए अल कायदा एक नया समूह भी तैयार कर रहा है. अल कायदा मुखिया के इस भाषण के दौरान स्क्रीन पर कश्मीर में हाल में सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में मारे गए जाकिर मूसा का फोटो भी दिखा. इसी साल मई में सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में मारा गया जाकिर मूसा भारत में अल कायदा की शाखा अंसार गजवातुल हिंद का संस्थापक था.

डोनाल्ड ट्रंप की भारत को चेतावनी, कहा - उसका अमेरिकी सामान पर टैक्स लगाना अब स्वीकार्य नहीं

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर भारत सरकार की नीतियों को लेकर नाराजगी जाहिर की है. एक ट्वीट में उन्होंने कहा है कि अमेरिकी सामान पर भारत की तरफ से टैक्स अब स्वीकार्य नहीं है. इससे माना जा रहा है कि वे आने वाले दिनों में भारत के खिलाफ कोई कदम उठाने वाले हैं. बीते महीने जी-20 की बैठक से ठीक पहले भी डोनाल्ड ट्रंप ने एक ट्वीट कर कहा था कि भारत 28 अमेरिकी उत्पादों पर टैक्स में की गई बढ़ोतरी वापस ले. एक टकराव एक जून से शुरू हुआ जब अमेरिका ने भारत को कारोबार में दी जाने वाली विशेष तरजीह खत्म कर दी. डोनाल्ड ट्रंप के इस कदम के बाद भारत ने भी अपने यहां आने वाले 28 अमेरिकी सामानों पर टैक्स में बढ़ोतरी कर दी. भारत और अमेरिका के बीच अभी करीब 142 अरब डॉलर का सालाना व्यापार होता है.

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