कांग्रेस के नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को संसद में किसानों की बदहाली का मुद्दा उठाया. उन्होंने कहा, ‘भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की अगुवाई वाली केंद्र सरकार ने बीते पांच साल में अमीरों के तो लाखों करोड़ रुपये के कर्जमाफ कर दिए लेकिन किसानों के लिए कुछ नहीं किया.’ राहुल गांधी ने आगे कहा, ‘बीते मंगलवार को उनके संसदीय क्षेत्र वायनाड में भी कर्ज में डूबे एक किसान ने आत्महत्या कर ली थी.’ खबरों के मुताबिक उन्होंने ये बातें लोकसभा के शून्यकाल में दिए अपने संक्षिप्त संबोधन में कहीं.

इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि वायनाड में किसानों द्वारा कर्ज न चुकाए जा पाने की वजह से बैंकों ने अब उनकी संपत्तियां जब्त करनी शुरू कर दी हैं. इस वजह से 18 किसान आत्महत्या जैसा गंभीर कदम उठा चुके हैं. राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील करते हुए कहा, ‘देश में किसान बहुत ही बदहाल स्थिति में हैं. ऐसे में सरकार को उनकी दशा सुधारने के प्रति गंभीरता से ध्यान देना चाहिए.’

वहीं राहुल गांधी की कही इन बातों पर सरकार की तरफ से रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पलटवार किया. साथ ही किसानों की बदहाली के लिए उन्होंने कांग्रेस की पूर्ववर्ती सरकारों को जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा, ‘किसान आज जिस हाल में है उनकी यह स्थिति बीते पांच सालों के दौरान नहीं हुई. जहां तक मोदी सरकार का सवाल है तो इस दौरान किसानों की आय में 20 से 25 फीसदी का इजाफा हुआ है.’

राजनाथ सिंह ने आगे कहा, ‘बीते पांच सालों के दौरान फसलों का जितना समर्थन मूल्य नरेंद्र मोदी सरकार ने बढ़ाया उतना किसी दूसरी सरकार ने नहीं बढ़ाया. किसान सम्मान निधि योजना के जरिये भी उन्हें लाभ पहुंचाया जा रहा है. इसके अलावा सरकार किसानों की आय को दोगुनी करने की दिशा में भी प्रयासरत है.