क्रिकेट विश्व कप के सेमीफाइनल में महेंद्र सिंह धोनी के नंबर सात पर उतरने को लेकर हुए विवाद के बीच इस मुद्दे पर भारतीय टीम के कोच रवि शास्त्री का बयान आया है. उनका कहना है कि महेंद्र सिंह धोनी को इतने नीचे भेजना पूरी टीम का फैसला था. रवि शास्त्री ने कहा, ‘इसमें हर कोई शामिल था और ये एक सीधा सा फैसला था. कौन चाहेगा कि धोनी जल्दी खेलने आएं और आउट हो जाएं. इससे लक्ष्य का पीछा करने की हर संभावना खत्म हो जाती.’

न्यूजीलैंड के खिलाफ हुए इस सेमीफाइनल में महेंद्र सिंह धोनी ऋषभ पंत, दिनेश कार्तिक और हार्दिक पांड्या के बाद आए. 96 रन पर छह विकेट गिर जाने के बाद उन्होंने रविंद्र जडेजा के साथ मिलकर 100 रन से भी ज्यादा की साझेदारी की और एक समय ऐसा लगने लगा कि भारत 240 का लक्ष्य हासिल कर लेगा. लेकिन आखिर में रन गति बढ़ाने के चक्कर में दोनों बल्लेबाज आउट हो गए. रवि शास्त्री का कहना है कि महेंद्र सिंह धोनी के अनुभव की जरूरत बाद में ही थी. उन्होंने कहा, ‘महेंद्र सिंह धोनी सर्वकालिक श्रेष्ठ फिनिशर हैं. और उनका इस तरह से इस्तेमाल न करना गुनाह होता. पूरी टीम को इस बारे में कोई संशय नहीं था.’

पीटीआई के मुताबिक इंग्लैंड से लौटने के बाद रवि शास्त्री और कप्तान विराट कोहली को प्रशासकों की समिति (सीओए) से मुलाकात करनी है. इस मुलाकात के दौरान विश्व कप में भारत के प्रदर्शन की समीक्षा होगी.