मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने भाजपा को चुनौती देते हुए बुधवार को विधानसभा में कहा कि यदि आपको मेरी सरकार की स्थिरता पर कोई शक है तो आज ही सदन में मेरी सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लेकर आएं. उन्होंने कहा कि हमारे विधायक बिकाऊ नहीं हैं और मेरी सरकार पूरे पांच साल चलेगी.

कांग्रेस विधायक राजवर्धन सिंह दत्तीगांव, कुणाल चौधरी और विनय सक्सेना द्वारा लाए गए एक ध्यानाकर्षण प्रस्ताव पर चल रही चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने सदन में कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा था कि यदि ऊपर से हमारे नंबर एक और नंबर दो नेताओं (प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की ओर संकेत करते हुए) का आदेश हुआ तो कमलनाथ की सरकार 24 घंटे नहीं चलेगी. इसके जवाब में कमलनाथ ने कहा कि यदि भाजपा नेताओं को कुछ शक हो तो आज ही मेरी सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाएं. इस पर बसपा विधायक रामबाई सिंह ने भी कहा कि कमलनाथ की सरकार अंगद के पांव की तरह है, चाहे ऊपर का या और ऊपर का आदेश आये, इसे कोई नहीं हिला सकता.

मुख्यमंत्री ने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा, ‘जब आप रोज ढोलकी बजाते रहेंगे कि अल्पमत की सरकार है, तो एक बार हो ही जाए. विपक्ष चाहे तो वह कभी भी सरकार का बहुमत परीक्षण कर ले. हम आज ही इसके लिए तैयार हैं.’ भाजपा कांग्रेस की सरकार पर अल्पमत में होने का आरोप लगाते हुए कहती रही है कि सरकार अपने अंतर्विरोधों के कारण गिर जाएगी. कर्नाटक में कांग्रेस-जेडीएस सरकार गिरने के बाद मध्य प्रदेश में भी इस तरह की चर्चायें जोर पकड़ रही हैं.