प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में जम्मू-कश्मीर में विकास का जिक्र किया. उन्होंने कहा, ‘जम्मू-कश्मीर के लोग विकास की मुख्य धारा से जुड़ने को बेताब हैं. विकास की शक्ति बम-बंदूक पर हमेशा भारी पड़ती है. जो लोग विकास की राह में नफरत फैलाना चाहते हैं, वे अपने नापाक इरादों में कामयाब नहीं हो सकते.’ प्रधानमंत्री के इस बयान को आज के अधिकतर अखबारों ने पहले पन्ने पर जगह दी है. इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश में जल संकट की स्थिति का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा, ‘पानी के विषय ने हिंदुस्तान के दिलों को झकझोर दिया है. सरकार जलनीति बनाने में जुटी है.’

सुप्रीम कोर्ट में मुफ्त कानूनी सेवा हासिल करने के लिए आय की सीमा बढ़ी

सुप्रीम कोर्ट ने गरीबों को दी जाने वाली मुफ्त कानूनी मदद के लिए आय की सीमा बढ़ा दी है. साथ ही, केंद्र सरकार ने इसे अधिसूचित भी कर दिया है. हिन्दुस्तान में प्रकाशित खबर के मुताबिक अब शीर्ष अदालत में पांच लाख रुपये तक सालाना आय वाले अपनी पैरवी के लिए वकील की मुफ्त सेवा ले पाएंगे. इससे पहले यह सीमा 1.25 लाख रुपये थी. बताया जाता है कि सुप्रीम कोर्ट ने यह बदलाव मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई से सलाह के बाद किया है. इस फैसले के पीछे कई बातों का ध्यान रखा गया है. इनमें महंगाई सूचकांक और न्यूनतम मजदूरी में बढ़ोतरी जैसे कारक शामिल हैं. बताया जाता है कि शीर्ष अदालत के इस कदम में वकील की मुफ्त सेवा के साथ कोर्ट फीस का भुगतान, केस पेपर तैयार करना और पंजीकरण भी शामिल है.

यदि संसद ठीक ढंग से कानून बना रही है, तो भी विपक्षी दलों को समस्या हो रही है : भाजपा

संसद में जल्दबाजी में विधेयकों को पारित किए जाने के आरोपों पर भाजपा ने पलटवार किया है. नवभारत टाइम्स की खबर के मुताबिक पार्टी के राष्ट्रीय महामंत्री और राज्यसभा सदस्य भूपेश यादव ने एक ब्लॉग के जरिए इस आरोप पर तीखी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा, ‘यह समझ से परे है कि यदि संसद ठीक ढंग से अपने काम को करते हुए कानून बना रही है, तो भी विपक्षी दलों को समस्या हो रही है.’ भूपेश यादव ने आगे कहा, ‘सदन का मौजूदा सत्र पिछले अन्य सत्रों के मुकाबले अधिक सार्थक और उपयोगी साबित हो रहा है.’ उन्होंने राज्यसभा में विधेयकों को संसदीय समितियों के पास न भेजने के आरोप को निराधार बताया है.

बीएस येदियुरप्पा के सामने बहुमत की चुनौती

आज कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा को बहुमत साबित करना है. लेकिन इससे पहले रविवार को विधानसभा अध्यक्ष केआर रमेश कुमार ने कांग्रेस और जेडीएस के 14 विधायकों को अयोग्य घोषित कर दिया है. द स्टेट्समैन के मुताबिक उन्होंने यह फैसला दल-बदल विरोधी कानून का इस्तेमाल करते हुए किया है. इन विधायकों को मौजूदा विधानसभा के कार्यकाल यानी 2023 तक के लिए अयोग्य ठहराया गया है. इसके साथ ही सदन में विधायकों की संख्या 225 से घटकर 208 हो गई है. अब बहुमत साबित करने के लिए 105 विधायकों की ज़रूरत होगी. हालांकि भाजपा ने दावा किया है कि उसे इसमें कोई दिक्कत नहीं होगी.

बैंकों में सिक्के जमा करने और फटे-पुराने नोट बदलने को लेकर नए दिशा-निर्देश जारी

बैंकों में सिक्के जमा करने और फटे-पुराने नोट बदलने को लेकर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं. दैनिक जागरण की रिपोर्ट के मुताबिक आरबीआई ने कहा है कि देश में सभी बैंकों की शाखाओं में सिक्के जमा किए जा सकेंगे और पुराने और फटे नोट भी बदले जा सकेंगे. इससे पहले मुख्य शाखाओं में ही ये काम किए जाते थे. वहीं, केंद्रीय बैंक ने बैंकों से सिक्कों की गिनती की जगह उन्हें तौलने के लिए कहा है. आरबीआई ने इस काम के लिए आए किसी भी ग्राहक (अन्य बैंक का भी) को न लौटाने के भी निर्देश बैंकों को दिए हैं. साथ ही, केंद्रीय बैंक ने साफ किया है कि यदि ऐसा किया जाता है तो संबंधित शाखा के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है.

कांग्रेस ने मोदी सरकार पर नियमों के खिलाफ जाकर 25 हवाई अड्डों को निजी हाथों में सौंपने का आरोप लगाया

कांग्रेस ने रविवार को मोदी सरकार पर नियमों के खिलाफ जाकर 25 हवाई अड्डों को निजी हाथों में सौंपने का आरोप लगाया है. राजस्थान पत्रिका के मुताबिक पार्टी प्रवक्ता पवन खेड़ा ने कहा, ‘अपने करीबी उद्योगपतियों को फायदा पहुंचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कई हवाई अड्डों को निजी कंपनियों को सौंपने की तैयारी कर ली है.’ उन्होंने आगे बताया, ‘देश में 123 हवाई अड्डे हैं. इनमें केवल 14 ही फायदे में हैं. इन 14 में से पांच हवाई अड्डों को अडानी को दे दिया गया है.’ पवन खेड़ा ने कहा कि इससे पहले सरकारी दूरसंचार कंपनी-बीएसएनएल और एमटीएनएल का नुकसान करके जियो को फायदा पहुंचाया गया था.