जम्मू-कश्मीर के ताजा हालात को लेकर नेशनल कॉन्फ्रेंस (एनसी) के नेता फारुख अब्दुल्ला और उनके बेटे उमर अब्दुल्ला ने गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ मुलाकात की है. खबरों के मुताबिक इस दौरान इन नेताओं ने नरेंद्र मोदी से गुजारिश भी की कि जम्मू-कश्मीर को लेकर सरकार कोई ऐसा ‘राजनीतिक या कानूनी’ फैसला न करे जिससे वहां के माहौल पर प्रतिकूल असर पड़े.

इस मुलाकात के बाद उमर अब्दुल्ला ने कहा, ‘बीते कुछ दिनों में हुई गतिविधियों के बाद कश्मीर में बढ़ने तनाव से हमने प्रधानमंत्री को अवगत करवाया है. साथ ही उन्हें यह जानकारी भी दी है कि इस साल राज्य में अमरनाथ यात्रा के श्रद्धालुओं के अलावा पर्यटकों की संख्या में भी इजाफा हुआ है. बीते कुछ सालों की तुलना में राज्य के मौजूदा हालात बेहतर हैं. ऐसे में केंद्र सरकार कोई ऐसा राजनीतिक या वैधानिक फैसला न करे जिससे वहां का माहौल अशांत हो.’

इसके साथ ही उमर अब्दुल्ला ने यह भी कहा, ‘हमने नरेंद्र मोदी से इसी साल जम्मू-कश्मीर में राज्य विधानसभा चुनाव करवाने का आग्रह भी किया है.’ उन्होंने आगे कहा, ‘करीब डेढ़ साल से राज्य में चुनी हुई सरकार नहीं है. ऐसे में राज्य के लोगों को अपनी सरकार चुनने का मौका मिलना चाहिए. राज्य के लोगों का जो भी जनादेश होगा हम उसे स्वीकार करेंगे.’

जम्मू-कश्मीर में इससे पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा समर्थन वापस लिए जाने के बाद महबूबा मुफ्ती की अगुवाई वाली सरकार गिर गई थी. फिर जून 2018 में वहां राष्ट्रपति शासन लगा गया था. वहां राष्ट्रपति शासन की अवधि पिछले महीने की दो तारीख को पूरी हो रही थी. लेकिन तब केंद्र सरकार ने वहां इसकी मियाद और छह महीने के लिए दोबारा बढ़ा दी थी.