इजरायल के चुनाव में नरेंद्र मोदी की तस्वीर | रविवार, 28 जुलाई 2019

इजरायल में आम चुनाव के बीच वहां प्रचार के लिए भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का इस्तेमाल भी सुर्खियां बटोर रहा है. पीटीआई के मुताबिक प्रधानमंत्री बेन्यामिन नेतन्याहू की लिकुड पार्टी के मुख्यालय के बाहर लगे बैनरों में नरेंद्र मोदी की तस्वीर इस्तेमाल की जा रही है. इसमें इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हाथ मिलाते नजर रहे हैं.

बताया जा रहा है कि बेंजामिन नेतन्याहू ने वैश्विक नेताओं के साथ अच्छे रिश्ते बनाने को अपने चुनाव प्रचार का मुख्य विषय बनाया है. इस तरह के ऐसे ही अन्य पोस्टरों में इजरायल के प्रधानमंत्री के साथ रूस के राष्ट्रपति व्लादीमिर पुतिन और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी हैं. प्रचार अभियान में यह कोशिश की जा रही है कि बेंजामिन नेतन्याहू को इजरायल की राजनीति में एक ऐसे नेता के तौर पर पेश किया जाए जिसका कोई जोड़ नहीं है.

ईरान से तेल टैंकरों की अदला-बदली नहीं की जाएगी : ब्रिटेन | सोमवार, 29 जुलाई 2019

ब्रिटेन ने कहा है कि वह ईरान से तेल टैंकरों (तेलवाहक जहाजों) की अदला-बदली नहीं करेगा. सोमवार को इसकी जानकारी देते हुए ब्रिटिश विदेश मंत्री डोमिनिक राब ने कहा कि अगर ईरान खाड़ी में तनाव कम करने के मकसद से एक-दूसरे के जब्त तेल टैंकरों की अदला-बदली करना चाहता है तो ऐसा नहीं होने जा रहा. राब ने बीबीसी से कहा, ‘कोई अदला-बदली नहीं होगी.’ उन्होंने आगे कहा, ‘यह कोई सामान की अदला-बदली जैसा नहीं है. यह अंतरराष्ट्रीय कानून व्यवस्था के नियमों को बनाए रखने की बात है, जिनका उल्लंघन हुआ है.’

बीती चार जुलाई को ब्रिटेन के अधिकारियों ने ईरान के एक तेल टैंकर ‘ग्रेस-वन’ को पकड़ लिया था. ब्रिटेन का कहना था कि यह ईरानी टैंकर सीरिया पर यूरोपीय संघ के प्रतिबंधों का उल्लंघन कर रहा था. इस कार्रवाई के जवाब में ईरान के रिवॉल्यूशनरी गार्ड्स (ईरानी सेना) ने 19 जुलाई को हार्मुज जल क्षेत्र में ब्रिटेन के झंडे वाले एक टैंकर को पकड़ लिया था. इस पर चालक दल के 23 सदस्य सवार थे.

हांगकांग में चल रहे प्रदर्शनों के पीछे अमेरिका का हाथ : चीन | मंगलवार, 30 जुलाई 2019

चीन ने हांगकांग में लोकतंत्र समर्थक प्रदर्शनों को लेकर अमेरिका पर अपना हमला तेज कर दिया. उसने आरोप लगाया कि हांगकांग में बड़े पैमाने पर प्रदर्शनों के पीछे अमेरिका का हाथ है. चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हुआ चुनयिंग ने अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोंपियो के हाल के उस बयान पर सवाल खड़े किए जिसमें उन्होंने कहा था कि हांगकांग में विरोध प्रदर्शनों से निपटने में चीन को ठीक से काम करना चाहिए. प्रवक्ता ने कहा कि शीर्ष अमेरिकी विदेश मंत्री को अभी भी यह लगता है कि वह सीआईए प्रमुख हैं.

हुआ चुनयिंग का कहना था, ‘मेरा मानना है कि पोंपियो खुद को सही स्थिति में नहीं रख रहे हैं. मुझे लगता है कि वह अभी भी खुद को सीआईए प्रमुख समझते हैं. वह सोचते हैं कि हांगकांग में प्रदर्शनकारियों का हिंसक व्यवहार उचित है क्योंकि अमेरिका ने भी इसमें योगदान दिया है.’ माइक पोंपियो विदेश मंत्री बनने से पहले अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए के निदेशक थे.

पाकिस्तान कुलभूषण जाधव की राजनयिक मदद पर तैयार हुआ | बुधवार, 31 जुलाई 2019

पाकिस्तान ने अपनी जेल में कैद भारतीय नौसेना के पूर्व अधिकारी कुलभूषण जाधव को कॉन्सुलर एक्सेस (राजनयिक मदद) की अनुमति दे दी. खबरों के मुताबिक यह घोषणा गुरुवार को पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने की. इसके साथ ही विदेश मंत्रालय ने जाधव को यह मदद पाकिस्तान के कानूनों के तहत ही मुहैया कराए जाने की बात भी कही. पाकिस्तान की इस पेशकश पर भारत ने फिलहाल कोई प्रतिक्रिया नहीं दी.

2016 में कुलभूषण जाधव को जासूसी के आरोप में पाकिस्तान में गिरफ्तार कर लिया गया था. फिर 2017 के दौरान वहां की एक सैन्य अदालत ने बंद कमरे में मामले की सुनवाई करते हुए आतंकवाद और जासूसी के आरोप में जाधव को मौत की सजा सुनाई थी. तब उस सजा पर कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए भारत ने इस मामले को अंतरराष्ट्रीय अदालत (आईसीजे) के समक्ष उठाया था.

पाकिस्तान ने जासूसी के आरोप में एक और भारतीय नागरिक को गिरफ्तार करने का दावा किया | गुरुवार, 01 अगस्त 2019

पाकिस्तान के पंजाब प्रांत की पुलिस ने डेरा गाजी खान कस्बे से एक भारतीय जासूस को गिरफ्तार करने का दावा किया. स्थानीय मीडिया ने पुलिस के हवाले से कहा कि एक भारतीय नागरिक को गिरफ्तार किया गया, जिसने जासूस होने की बात स्वीकार की है. पाकिस्तान में जासूसी की सजा मौत है.

पीटीआई के मुताबिक पुलिस ने मीडिया को इसकी जानकारी देते हुए बताया, ‘आरोपी की पहचान राजू लक्ष्मण के तौर पर हुई है जिसे लाहौर से करीब 400 किलोमीटर दूर स्थित डेरा गाजी खान जिले के राखी गज इलाके से बुधवार को गिरफ्तार किया गया.’ आगे की जांच के लिए राजू लक्ष्मण को एक अज्ञात स्थान पर भेज दिया गया है.

भारत और पाकिस्तान चाहें तो कश्मीर मसले पर मदद के लिए तैयार हूं : डोनाल्ड ट्रंप | शुक्रवार, 02 अगस्त 2019

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अगर भारत और पाकिस्तान चाहें तो वे कश्मीर विवाद को सुलझाने में मदद के लिए तैयार हैं. पीटीआई के मुताबिक वे पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के साथ पिछले हफ्ते हुई बैठक का हवाला दे रहे थे जिसमें उन्होंने कश्मीर मुद्दे को सुलझाने में मदद की पेशकश की थी. भारत ने इस पेशकश को खारिज कर दिया था जबकि पाकिस्तान ने अमेरिकी राष्ट्रपति के बयान का स्वागत किया था.

कश्मीर पर मध्यस्थता की उनकी पेशकश को भारत की ओर से खारिज किए जाने पर पूछे गए एक सवाल पर डोनाल्ड ट्रंप ने संवाददाताओं से कहा, ‘यह (मध्यस्थता की पेशकश स्वीकार करना) पूरी तरह प्रधानमंत्री (नरेंद्र मोदी) पर निर्भर करता है.’ अमेरिकी राष्ट्रपति का आगे कहना था, ‘मेरे विचार में वे बेहतरीन लोग हैं - मेरा मतलब खान और मोदी से है. मुझे लगता है कि दोनों के बीच इस पर अच्छे से बातचीत हो सकती है.’

चीन अब अमेरिका का शीर्ष कारोबारी साझीदार नहीं रहा | शनिवार, 03 अगस्त 2019

चीन अब अमेरिका का शीर्ष कारोबारी साझेदार नहीं रहा. पीटीआई के मुताबिक दोनों देशों के बीच व्यापार युद्ध के चलते अमेरिका के शीर्ष कारोबारी साझेदार का तमगा उसके पड़ोसी मैक्सिको और कनाडा को मिल गया. चीन तीसरे पायदान पर फिसल गय. अमेरिकी अखबार वॉल स्ट्रीट जर्नल ने हालिया आधिकारिक आंकड़ों के आधार पर कहा कि इस साल की पहली छमाही में मैक्सिको, अमेरिका का शीर्ष कारोबारी साझेदार बन गया है. दूसरे स्थान पर कनाडा है.

अखबार के मुताबिक चीन और अमेरिका में चल रहे व्यापार युद्ध की वजह से चीन से अमेरिका को होने वाले आयात में 12 फीसदी की कमी आई है. वहीं, अमेरिका द्वारा चीन को किए जाने वाले निर्यात में 19 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है. डोनाल्ड ट्रंप ने सत्ता में आने के बाद चीन के 250 अरब डॉलर के उत्पादों पर 25 फीसदी कर लगाया है. वहीं, 300 अरब डॉलर के अन्य चीनी उत्पादों पर भी एक सितंबर से 10 फीसदी अतिरिक्त कर लगेगा.

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