पाकिस्तान के रेल मंत्री शेख राशिद ने समझौता एक्सप्रेस ट्रेन की सेवाएं निरस्त करने की घोषणा की है. पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन से पाकिस्तान के लाहौर के बीच चलने वाली इस ट्रेन को लेकर उन्होंने यह ऐलान गुरुवार को किया. खबरों के मुताबिक उन्होंने कहा, ‘हमने समझौता एक्सप्रेस की सेवा बंद करने का फैसला किया है. कम से कम जब तक मैं रेल मंत्री हूं समझौता एक्सप्रेस का परिचालन नहीं हो सकता.’

इससे पहले गुरुवार को ही लाहौर से दिल्ली के लिए रवाना हुई यह ट्रेन जब भारत-पाकिस्तान की वाघा-अटारी सीमा पर पहुंची तो उसके गार्ड ने ‘सुरक्षा कारणों’ से इसे वाघा से आगे ले जाने से जाने इनकार कर दिया. इसे लेकर भारत की तरफ से उन्हें आश्वस्त किए जाने के बावजूद उन्होंने अपने फैसला नहीं बदला. इससे समझौता एक्सप्रेस पाकिस्तान के वाघा में करीब तीन घंटे तक खड़ी रही. इसके बाद भारत ने वाघा में अपना एक चालक दल भेजकर ट्रेन को अपनी सीमा में लाने का फैसला किया. अब इसे वाघा से अटारी लाया जा रहा है.

वैसे यह पहला मौका नहीं है जब पाकिस्तान ने समझौता एक्सप्रेस की सेवाएं निरस्त करने का फैसला किया है. इससे पहले इसी साल फरवरी में भारतीय वायु सेना की बालाकोट ‘एयरस्ट्राइक’ के बाद पाकिस्तान ने इस ट्रेन की सेवाएं रोक दी थीं. हालांकि सेवाएं रोके जाने के अगले ही महीने उसे बहाल भी कर दिया गया था.

वहीं इस बार समझौता एक्सप्रेस की सेवा रोके जाने के पीछे भारत सरकार के जम्मू-कश्मीर को लेकर किए गए फैसले को जिम्मेदार बताया जा रहा है. इससे पहले बुधवार को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान की अध्यक्षता में राष्ट्रीय सुरक्षा समिति (एनएससी) की एक बैठक हुई थी. उस बैठक में पाकिस्तान ने भारत के साथ व्यापारिक और राजनयिक रिश्तों को सीमित करने का फैसला भी किया था.