लोकसभा चुनावों के बाद से कांग्रेस में शुरू हुई उठापटक खत्म होने का नाम नहीं ले रही. ताजा मामला झारखंड का है जहां प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार ने पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय समेत कई कांग्रेसी नेताओं पर अपने खिलाफ साजिश रचने और भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए राहुल गांधी को अपना इस्तीफा भेज दिया है. उनका कहना है कि ये सारे नेता अपने गुर्गों और सहयोगियों के साथ मिलकर पार्टी में राजनीतिक पदों पर कब्जा करने और जल्द होने वाले विधानसभा चुनाव में अपने भाई-भतीजों को टिकट दिलाने के लिए दबाव बना रहे थे जिसके सामने वे झुक नहीं सकते. राजनीति में आने से पहले और आईपीएस रहते हुए वीरता पुरस्कार पाने का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि खराब से खराब अपराधी भी उनके सहयोगियों से बेहतर दिखते हैं.

लोकसभा चुनावों में कांग्रेस झारखंड की 14 सीटों में से महज एक जीत सकी थी. उसके बाद से ही राज्य में लगातार तमाम कांग्रेसी नेता अजय कुमार को तत्काल प्रभाव से प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाये जाने की मांग कर रहे हैं. हालांकि अजय कुमार ने कहा है कि उनके कार्यकाल में हुए हालिया लोकसभा चुनावों में कांग्रेस को 2014 के मुकाबले 12 प्रतिशत अधिक वोट मिले हैं. अपनी चिट्ठी में उन्होंने यह भी लिखा है कि पार्टी की हालत सुधारने के लिए वे जो भी नया कदम उठाते हैं उसे उनके सहयोगी नाकाम करने की कोशिश में लगे रहते हैं.