कांग्रेस के नए अध्यक्ष के चयन को लेकर पशोपेश बरकरार है. आज पार्टी की कार्यसमिति (सीडब्ल्यूसी) की एक बैठक हुई थी, लेकिन इसमें कोई फैसला नहीं हो पाया सो अब आज रात आठ बजे बैठक फिर होगी. पीटीआई के मुताबिक पार्टी के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, ‘सभी सदस्यों ने राहुल गांधी से अध्यक्ष बने रहने और नेतृत्व करने का एक सहमति से आग्रह किया. उन्होंने यह अनुरोध भी किया कि आज जब मौजूदा सरकार संवैधानिक प्रावधानों, नागरिकों के अधिकारों और संस्थाओं पर आक्रमण कर रही है तो ऐसे समय मजबूत विपक्ष के लिए और कांग्रेस को नेतृत्व देने के लिए राहुल गांधी उपयुक्त व्यक्ति हैं.’

रणदीप सुरजेवाला के मुताबिक इसके बावजूद राहुल गांधी ने अपना इस्तीफा वापस लेने से इनकार किया. उनके मुताबिक पूर्व अध्यक्ष ने कहा कि सीडब्ल्यूसी के सदस्यों और दूसरे नेताओं से नए अध्यक्ष को लेकर व्यापक विचार-विमर्श किया जाए. रणदीप सुरजेवाला का कहना था कि सीडब्ल्यूसी पांच अलग-अलग समूहों में परामर्श कर रही है और अगली बैठक में इन समूहों की बातचीत में निकले निष्कर्ष के आधार पर निर्णय लिया जाएगा. उनका यह भी कहना था कि राहुल गांधी का इस्तीफा स्वीकार नहीं हुआ है और यह सीडब्ल्यूसी के विचाराधीन है.

सीडब्ल्यूसी की बैठक में पार्टी संसदीय दल की नेता सोनिया गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, राहुल गांधी, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी और वरिष्ठ पार्टी नेता अहमद पटेल कई अन्य नेता शामिल हुए. पार्टी के नये अध्यक्ष को लेकर मुकुल वासनिक, मल्लिकार्जुन खड़गे, अशोक गहलोत, सुशील कुमार शिंदे सहित कई वरिष्ठ नेताओं के नामों की चर्चा है. कई नेता प्रियंका गांधी के नाम की पैरवी कर चुके हैं. हालांकि राहुल गांधी ने साफ कर दिया है कि उनके परिवार का कोई दूसरा सदस्य भी इस जिम्मेदारी को नहीं संभालेगा. बैठक से बाहर निकलने के बाद सोनिया गांधी ने संवाददाताओं से कहा कि अध्यक्ष तय करने के लिए बातचीत की प्रक्रिया शुरू हुई है. उनका कहना था, ‘मैं और राहुल इसका हिस्सा नहीं हो सकते. मेरा नाम बैठक के लिए गलती से शामिल हो गया था.’

लोकसभा चुनाव में कांग्रेस की करारी हार के बाद राहुल गांधी ने पार्टी के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था. उस वक्त उनके इस्तीफे को अस्वीकार करते हुए सीडब्ल्यूसी ने उन्हें पार्टी में आमूलचूल बदलाव के लिए अधिकृत किया था.