राजस्थान के पहलू खान हत्याकांड मामले में आरोपितों को बरी किए जाने से पीड़िता परिवार सदमे में है. बुधवार को अलवर जिले की अदालत ने सबूत न होने की सूरत में संदेह का लाभ देते हुए इस घटना के छह आरोपितों को बरी कर दिया था. उसके इस फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए पीड़ित परिवार ने कहा कि उनका कानून पर विश्वास नहीं रहा.

हिंदुस्तान टाइम्स के मुताबिक पहलू खान के बड़े बेटे इरशाद खान ने कहा, ‘हमारा कानून पर से भरोसा उठ गया है. बीते ढाई साल से हम न्याय मिलने का इंतजार कर रहे थे. हमने सोचा था कि हमें इंसाफ मिलेगा और इससे हमारे पिता की आत्मा को शांति मिलेगी. लेकिन ऐसा होने के बजाय हमारे उम्मीदें खत्म हो गईं.’ इरशाद ने कहा कि इस फैसले ने उन्हें उलझा दिया है. उन्होंने कहा, ‘हमारे पास इस बात के सभी सबूत थे कि मेरे पिता को भीड़ ने मार डाला. पुलिस ने भी पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के साथ कई जरूरी सबूत इकट्ठा किए थे.’

खबर के मुताबिक फैसला सुनाए जाते वक्त पहलू खान के परिवार का कोई भी सदस्य अदालत में मौजूद नहीं था. उनके वकील कसीम खान ने कहा, ‘हमें यकीन था कि (आरोपितों को) सजा होगी. फैसले की कॉपी मिलने के बाद हम इसका अध्ययन करेंगे.’ कसीम के मुताबिक पहलू खान का परिवार इस फैसले को ऊपरी अदालत में चुनौती देगा. वहीं, इरशाद खान ने कहा, ‘एक तरफ मेरे पिता के हत्यारे खुले घूमेंगे और दूसरी तरफ हम कोर्ट में हमारे ही खिलाफ चल रहे ट्रायल को झेलेंगे. मेरे पास यह बताने के लिए शब्द नहीं है कि हम पर क्या गुजर रही है.’